यमकेश्वर ब्लाक के कस्याली गांव में एक युवक ने पंखे से लटककर जान दे दी। आत्महत्या की वजह बैंक का ऋण न चुका पाना बताया जा रहा है। घटना से परिजनों में कोहराम मचा है। राजस्व पुलिस मामले की छानबीन में जुट गई है।
राजस्व पुलिस के अनुसार हर्षपाल सिंह (35) पुत्र गोविंद सिंह बुधवार देर शाम करीब साढ़े सात बजे चुपचाप घर आया और अपने कमरे में जाकर उसने अंदर से कमरा बंद कर दिया। इस दौरान उसने कमरे की छत पर पंखे के लिए लगी कुंडी पर रस्सी से फांसी लगा ली। बेटे के कमरे का दरवाजा बंद होने पर उसकी मां कांती देवी ने खिड़की से अंदर झांका को उसके होश उड़ गए।
उसने आनन-फानन में दरवाजा तोड़ा और अंदर जाकर दरांती से उसकी रस्सी काटी, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। जवान बेटे की मौत से मां अचेत हो गई। ग्रामीणों ने घटना की जानकारी राजस्व पुलिस को दी। पटवारी प्रीतम सिंह रावत और नरेंद्र सिंह रावत ने उसका पंचनामा भरकर कोटद्वार पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
राजस्व पुलिस ने बताया कि मृतक हर्षपाल सिंह अपनी मां के साथ गांव में रहता था। पिता की काफी समय पहले मृत्यु हो गई थी। ग्राम प्रधान कस्याली अनिल सिंह नेगी ने बताया कि मृतक हर्षपाल ने जिला सहकारी बैंक कांडी से वर्ष 2014 में वाहन के लिए छह लाख रुपये का ऋण लिया था, जिसे वह लौटा नहीं पा रहा था।
एक महीने पहले से ही उसने करीब बारह हजार रुपये की व्यवस्था कर बैंक में जमा करवाया था। बताया जा रहा है कि उस पर अब भी 5.45 लाख रुपये बकाया था। बैंक की ओर से भी उसे समय पर ऋण अदायगी के लिए कहा जा रहा था।
तहसीलदार श्रेष्ठ गुनसोला ने बताया कि मृतक की स्पेशल रिपोर्ट बनाकर जिलाधिकारी को भेज दी गई है।