झोलाछाप ने तंत्र-मंत्र से इलाज का झांसा देकर महिला और उसके बच्चे को अपने क्लीनिक में बंद कर दिया। इसकी सूचना पर ग्रामीण व पुलिस मौके पर पहुंचे और दोनों को मुक्त कराया। बताया जा रहा है कि महिला अपना इलाज कराने के लिए पहुंची थी। पुलिस ने झोलाछाप का शांतिभंग में चालान किया है।
थाना पथरी प्रभारी रविंद्र कुमार के मुताबिक गांव घिस्सुपुरा स्थित किराये की दुकान में झोलाछाप अपना क्लीनिक चलाता है। वह तंत्र-मंत्र से इलाज करने का झांसा भी देता है। शनिवार को झोलाछाप ने एक महिला और उसके बच्चे को दुकान में बंद कर दिया। इसकी भनक गांव के लोगों को लग गई। ग्रामीणों ने पहले तो खुद ही महिला को दुकान से निकालना चाहा, लेकिन दुकान के शटर पर बाहर से ताला लगा होने के कारण महिला और उसके बच्चे को नहीं निकाल पाए।
ग्रामीणों ने सूचना पुलिस को दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने झोलाछाप को बुलवाया, लेकिन वह नहीं पहुंचा। इसके बाद पुलिस ने शटर का ताला तोड़कर महिला और उसके बच्चे को बाहर निकाला। अपने साथ चौकी फेरुपुर ले गई। बाद में झोलाछाप पुलिस चौकी पहुंचा। पुलिस ने झोलाछाप का 151 की धारा चालान किया है। थाना प्रभारी रविंद्र सिंह ने बताया महिला अपना इलाज कराने खुद ही पहुंची थी।