उत्तराखंड में मंगलवार तक भारी बारिश के अलर्ट के बाद एनडीआरएफ की 30 सदस्यीय टीम गाजियाबाद से सोमवार सुबह हरिद्वार पहुंच गई। टीम बाढ़ की स्थिति में राहत एवं बचाव उपकरणों से लैस है। टीम में कुशल गोताखोर तैराक और मेडिकल स्टाफ भी मौजूद है। गढ़वाल के जिलों में अतिवृष्टि से बाढ़ एवं आपदा की स्थिति में एनडीआरएफ की टीम हरिद्वार से मूव करेगी।
उत्तराखंड के अधिकतर जिलों में रविवार से लगातार हो रही है। बारिश के चलते हरिद्वार से लेकर उत्तराखंड के कई जिलों में हाई अलर्ट है। पहाड़ों में हो रही लगातार बारिश से हरिद्वार में गंगा का जलस्तर बढ़ जाता है। जिले के मैदानी इलाकों में जलभराव की स्थिति हो जाती है। हालांकि सोमवार को सुबह से देर रात तक गंगा का जलस्तर 291 मीटर रहा, जबकि खतरे का निशान 294 मीटर है। हाई अलर्ट को देखते हुए नेशनल डिजास्टर रेस्क्यू फोर्स (एनडीआरएफ) की 30 सदस्यीय टीम सोमवार को हरिद्वार पहुंच गई। टीम सुबह गाजियाबाद स्थित एनडीआरएफ की आठवीं बटालियन से निरीक्षक राजकिशोर के नेतृत्व में रोशनाबाद स्थित पुलिस लाइन पहुंची। टीम अपने साथ रेडियो सेट, सेटेलाइट फोन के अलावा लाइफ जैकेट, मोटर बोट, गोताखोरों के सारे सामान और दूसरे आधुनिक उपकरण लाई है।
खानपुर और लक्सर क्षेत्र की तरफ लगातार नजर रखी जा रही है। हरिद्वार में फिलहाल खतरे वाली कोई बात नहीं है। जिले में बनाए गए आपदा कंट्रोल रूम पर लगातार नजर है। -विनय शंकर पांडेय, जिलाधिकारी हरिद्वार।
हमारी 30 सदस्यीय टीम हाई अलर्ट के बाद हरिद्वार पहुंची है। टीम को फिलहाल स्टैंड बाई पर रखा गया है। अधिकारियों के आदेश मिलते ही टीम संभावित क्षेत्रों में रवाना हो जाएगी। -राजकिशोर, निरीक्षक एनडीआरएफ 8 बटालियन, गाजियाबाद।