चंपावत उपचुनाव के लिए जमा नामांकन पत्रों की जांच करते आरओ हिमांशु कफल्टिया और एआरओ केके पांडेय। ?
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चंपावत। चंपावत उपचुनाव में चार नामांकन सही पाए गए जबकि एक निर्दलीय प्रत्याशी दीपक बेलवाल का पर्चा प्रस्तावकों के फर्जी हस्ताक्षरों के कारण खारिज कर दिया गया है। नामांकन पर हस्ताक्षर को लेकर आई आपत्ति पर रात आठ बजे से करीब दस बजे तक हुई सुनवाई के बाद नामांकन खारिज कर दिया गया।
बेलवाल के नामांकन पत्र में दर्ज प्रस्तावकों ने खुद के हस्ताक्षर होने से इनकार किया था। प्रस्तावक महेश गहतोड़ी, रवींद्र गहतोड़ी, निकिता गहतोड़ी, सुमन गहतोड़ी ने आरओ को पत्र भेजा था। निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि हस्ताक्षर को लेकर आई आपत्ति पर सुनवाई के बाद यह निर्णय लिया गया।
इन प्रत्याशियों के नामांकन सही पाए गए
भाजपा: पुष्कर सिंह धामी, कांग्रेस: निर्मला गहतोड़ी, सपा: मनोज भट्ट उर्फ एलएम भट्ट और निर्दलीय: हिमांशु गड़कोटी।
आचार संहिता उल्लंघन मामले में भाजपा को क्लीन चिट
चंपावत। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के चंपावत के कैंप कार्यालय में नोडल अधिकारी की तैनाती मामले में भाजपा को क्लीन चिट मिल गई है। डीएम नरेंद्र सिंह भंडारी ने बताया कि इस मामले में मुख्य निर्वाचन अधिकारी के निर्देश के बाद सीडीओ से जांच कराई गई। इसमें आचार संहिता का उल्लंघन का मामला नहीं बनने की बात सामने आई है। जांच में पता चला कि नोडल अधिकारी इंजीनियर केदार सिंह बृजवाल की तैनाती के आदेश 30 अप्रैल को किए गए थे जबकि उपचुनाव की तिथि दो मई की शाम घोषित हुई। ऐसे में आचार संहिता उल्लंघन का मामला नहीं बनता है। सीडीओ आरएस रावत ने आचार संहिता को देखते हुए नोडल अधिकारी की तैनाती को अग्रिम आदेश तक स्थगित कर दिया है।