बनबसा (चंपावत)। इंडिगो एयरलाइंस में नौकरी दिलाने के नाम साइबर ठगी करने वाले मिंटू गैंग के तीन साइबर ठगों को पुलिस ने आगरा से गिरफ्तार किया। आरोपियों से पुलिस को चार मोबाइल सिम, एक बैंक पासबुक, एक एटीएम कार्ड, कई युवाओं के अभिलेख मिले हैं। इस आधार पर पुलिस आरोपियों का आपराधिक इतिहास खंगाल रही है। एसपी देवेंद्र पींचा ने इस पुलिस टीम को पांच हजार की नकद राशि से सम्मानित करने की घोषणा की है।
चंदनी गांव निवासी त्रिभुवन चंद से इसी वर्ष फरवरी में इंडिगो एयरलाइंस में नौकरी दिलाने के नाम पर 2.55 लाख रुपये ठगे गए थे। उनकी पत्नी ज्योति चंद की तहरीर के आधार पर बनबसा थाने में आईपीसी की धारा 420 में मुकदमा दर्ज हुआ। एसपी देवेंद्र पींचा ने पुलिस को साइबर ठगों को पकड़ने के निर्देश दिए। महिला एसआई मंदाकिनी राणा को जांच सौंपी गई। ज्योति ने पुलिस को बताया था कि उसके पति त्रिभुवन ने इंडिगो एयरलाइंस का विज्ञापन देख अपना बायोडाटा भेजा था। इसके बाद उन्हें तीन व्यक्तियों ने फोन कर खुद को इंडिगो एयरलाइंस में कई पदों पर तैनात अधिकारी बताकर नौकरी दिलाना का झांसा देकर 2.55 लाख रुपये ठग लिए।
पुलिस टीम ने सर्विलांस सेल, फोन, गूगल, पेटीएम, ऑनलाइन बैंकों की डिटेल, पूछताछ के माध्यम से साइबर ठग का पता लगाया। पुलिस को आरोपियों के आगरा यूपी में होने के संकेत मिले। पुलिस ने तीन साइबर ठगों को जिला आगरा यूपी के थाना मलपुरा से गिरफ्तार किया। सीओ अविनाश वर्मा ने बताया कि आरोपियों में थाना हाईवे, जिला मथुरा यूपी के ग्राम नगला शीतल निवासी हरेंद्र उर्फ मिंटू उर्फ रोहित (25), थाना शाहगंज, जिला आगरा की रुई मंडी निवासी कृष्णा उर्फ करन (24), थाना मलपुरा, जिला आगरा के मुल्ला की प्याऊ निवासी नईमा (21) शामिल हैं। तीनों साइबर ठग यूपी आगरा में मिंटू गैंग नाम से कुख्यात गिरोह के सदस्य हैं। इस गैंग सदस्य मोबाइल एप का पैकेज खरीदकर बेरोजगार युवकों को नौकरी दिलाने के बहाने से ठगते हैं। उनके खातों से लाखों रुपये का लेनदेन होना पाया गया है। यह लोग आगरा, दिल्ली से अपने गैंग चलाते हैं। उन्होंने कई अन्य राज्यों के युवाओं को ठगना स्वीकारा है।