सीएम की ओर से सड़कों को गड्ढा मुक्त करने के निर्देश के बाद भी कर्णप्रयाग क्षेत्र में लिंग मार्गों की हालत नहीं सुधरी। ब्लॉक के सिमली-बेनीताल, सिमली-टटासू, कर्णप्रयाग-नैनीसैण, धारडुंग्री-गोपथला-मैखुरा, सिमली-शैलेश्वर, जेकिंडी-बणसोली, टटासू-केलापाणी-सुमल्टा मार्ग बदहाल हैं।
सिमली के गोपी डिमरी, खंडूड़ा के पूर्व प्रधान विजय खंडूड़ी ने बताया कि सिमली बेनीताल मार्ग कई जगहों पर गड्ढे होने से बदहाल है जबकि कॉजवे व पुश्ते क्षतिग्रस्त हैं। वाहन चालकों और मुसाफिरों को आवाजाही में परेशानी हो रही है। वहीं, सिमली-टटासू-डिम्मर मार्ग का 35 साल से सुधारीकरण नहीं किया गया है। धारडुंग्री-गोपथला-मैखुरा मार्ग के बारे में गिरीश डिमरी, रमेश डिमरी और नरेंद्र डिमरी ने बताया कि यह संकर मार्ग आज भी जानलेवा बना है। वहीं टटासू-बांगड़ी-केलापाणी-सुमल्टा मार्ग का भी यही हाल है। सुशील खंडूड़ी, सुदीश गैरोला, जयंती प्रसाद ने कहा कि बरसात में क्षतिग्रस्त मार्ग आज तक ठीक नहीं हो पाया है। गैरोली के सुनील गैरोला, समीर प्रसाद, हर्षवर्धन चमोली आदि ने कहा कि सिमली-शैलेश्वर मार्ग पर कई जगह डामर उखड़ा है। उन्होंने जल्द संपर्क मार्गों को दुरुस्त करने की मांग उठाई।