राजकीय इंटर कॉलेज कोटी का विद्यालय भवन जर्जर होने से छात्र-छात्राएं जान जोखिम में डालकर पढ़ाई करने के लिए मजबूर हैं। स्थिति यह है कि स्कूल भवन के कक्षा-कक्षों और पैदल रास्तों पर भूस्खलन से दरारें पड़ चुकी हैं। स्थानीय लोगों ने कहा कि कई बार विभागीय अधिकारियों से नया भवन बनाने की मांग कर चुके हैं लेकिन इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
स्कूल के पीटीए अध्यक्ष अशोक रावत और ग्राम प्रधान विनोद कुमार ने इस संबंध में सीएम व डीएम को पत्र भेजा। कहा कि क्षेत्र के लोगों की मांग पर वर्ष 1976 में कोटी गांव में हाईस्कूल खोला गया। फिर 1997 में उच्चीकरण के बाद इंटर कॉलेज बनाया गया। वर्तमान समय में कॉलेज के आसपास भूस्खलन से स्कूल भवन जर्जर होने लगा है। यहां छात्र-छात्राएं, शिक्षक व कर्मचारी खतरे के साए में पठन-पाठन कर रहे हैं। उन्होंने जल्द स्कूल भवन निर्माण की मांग की।