चमोली जिले में कई दिनों से रुक-रुककर हो रही बारिश से सड़कें और पैदल रास्ते तहस-नहस हो गए हैं। जिले में अभी भी 45 सड़कें जगह-जगह बंद पड़ी हैं, जिससे ग्रामीण जान-जोखिम में डालकर आवाजाही कर रहे हैं। वहीं बदरीनाथ हाईवे क्षेत्रपाल और कौड़िया में खतरनाक बना हुआ है। बुधवार को देर शाम को हाईवे कौड़िया में चट्टान टूटने से बंद हो गया था, जिसे रात करीब नौ बजे तक वाहनों की आवाजाही के लिए खोला जा सका। इसके बाद फिर बारिश होने से यहां हाईवे बंद और खुलने का सिलसिला बना हुआ है।
पोखरी-गोपेश्वर सड़क भूस्खलन से 40, 47 और 49 किमी के दायरे में बंद पड़ी हैं। इसके अलावा बिरही-गौणा, बूंगीधार-मैहलचौंरी-बछुवावाण, ग्वालदम-नंदकेशरी, पोखरी-कर्णप्रयाग, कर्णप्रयाग-नौटी-पैठाणी, सलूड़-डुंग्रा, बाटाधार-धुनारधार के साथ ही कई अन्य सड़कें बंद पड़ी हैं। वहीं जिला पंचायत के कई पैदल रास्ते भी क्षतिग्रस्त पड़े हैं। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंद किशोर जोशी का कहना है कि सड़कों को खोलने के लिए जेसीबी लगाई हुई हैं। रात के समय हो रही बारिश से जगह-जगह भूस्खलन होने से दोबारा सड़कें बंद हो रही हैं। सड़कों को सुचारु रखने का पूरा प्रयास किया जा रहा है।