कपकोट में क्षतिग्रस्त नहर की इस तरह से पाइप और टिन लगाकर की ग्रामीणों ने वैकल्पिक व्यवस्था। संवा?
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कपकोट (बागेश्वर)। कपकोट में बीते दिनों हुई बारिश ने काफी नुकसान किया है। कपकोट गांव की लोअर नहर भी बारिश की भेंट चडढ़ गई। क्षतिग्रस्त नहर की मरम्मत करने के लिए ग्रामीण आगे आए और स्वयं ही पाइप और टिन लगाकर नहर में अस्थायी तौर पर पानी चलाया गया। विधायक सुरेश गढ़िया ने भी नहर की मरम्मत कर रहे ग्रामीणों का हौसला बढ़ाया।
कपकोट की लोहर नहर का अधिकांश हिस्सा भूस्खलन की चपेट में आकर क्षतिग्रस्त हो गया था। इन दिनों क्षेत्र में धान की रोपाई का कार्य चल रहा है। नहर टूटने से ग्रामीण परेशान हो गए थे। किसानों ने विभाग को भी सूचित किया, हालांकि विभाग से तत्काल नहर की मरम्मत होते नहीं दिख ग्रामीण खुद ही नहर को ठीक करने में जुट गए। ग्रामीणों ने नहर के क्षतिग्रस्त हिस्से में प्लास्टिक के पाइप डाले और कहीं-कहीं पर टिन की चादर से भी पानी चलाने का प्रयास किया। वहीं, क्षेत्रीय विधायक गढ़िया भी मौके पर गए और ग्रामीणों के साथ हाथ बंटाया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में बारिश से भारी नुकसान हुआ है। ग्रामीणों ने स्वयं नहर की मरम्मत करने के लिए सराहनीय पहल की है। कहा कि आपदा के समय में हर किसी का योगदान अहम है। ग्रामीण महिमन सिंह कपकोटी ने कहा कि किसानों को सिंचाई और धान की रोपाई के लिए पानी की सख्त जरूरत थी। ग्रामीणों ने एकजुट होकर स्वयं नहर की मरम्मत करने का निर्णय लिया है। वहां पर नारायण कपकोटी, नवीन कपकोटी, महेश कपकोटी, कृपाल सिंह, हीरा कपकोटी, चंदन सिंह, दान सिंह कपकोटी, महिमन सिंह बिष्ट आदि मौजूद रहे।