बागेश्वर। दिल्ली विश्वविद्यालय में प्रोफेसर के पद पर तैनात वैज्ञानिक डॉ. दीवान सिंह रावत को नेशनल एकेडमी ऑफ साइंसेज की फेलोशिप (एफएनएससी) के लिए चुना गया है। उत्तराखंड से यह सम्मान पाने वाले डॉ. रावत दूसरे व्यक्ति हैं। दिल्ली विश्वविद्यालय की रसायन विभाग शाखा में कार्यरत प्रोफेसर रावत मूल रूप से बागेश्वर के काफलीगैर के रहने वाले हैं।
नेशनल एकेडमी ऑफ साइंसेज की स्थापना प्रोफेसर मेघनाद साहा ने वर्ष 1930 में की थी। यह सम्मान अब तक 1921 लोगों को मिला है। इससे पहले उत्तराखंड के डॉ. डीएस भाकुनी को यह सम्मान वर्ष 1977 में मिला था। डॉ. रावत रसायन विज्ञान में उत्तराखंड से यह सम्मान पाने वाले दूसरे व्यक्ति हैं। डॉ. रावत रसायन विज्ञान के क्षेत्र में कई शोध कर चुके हैं। उन्हें प्रतिष्ठित वैज्ञानिकों में शुमार किया जाता है।
इधर, युवा कांग्रेस नेता हरीश रावत, भाजपा मंडल अध्यक्ष रवि करायत, महामंत्री भूपाल रौतेला, काफलीगैर के व्यापार मंडल अध्यक्ष पूरन सिंह रौतेला, कठपुड़ियाछीना जन संघर्ष समिति के अध्यक्ष नरेंद्र सिंह रावत आदि ने उन्हें बधाई दी है।