बागेश्वर। नदी में नहाने गए किशोर की डूबने से मौत हो गई। पुलिस ने नदी से उसका शव बरामद किया।
बृहस्पतिवार करीब चार बजे ग्वाड़ गांव निवासी सौरभ स्यूनेरी (15) पुत्र अर्जुन स्यूनेरी झटक्वाली के पास सरयू नदी में नहाने के लिए अपने दोस्त रोहित (16) और प्रदीप (18) के साथ गया था। तीनों नदी के किनारे-किनारे तैर रहे थे। अचानक रोहित और सौरभ तेज बहाव की चपेट में आ गए। प्रदीप ने रोहित को बहाव से खींचकर बाहर निकाला, तब तक सौरभ बहाव में आकर डूब गया। सूचना मिलते ही सीओ ऑपरेशन अंकित कंडारी, अग्निशमन अधिकारी महेश चंद्र, प्रभारी कोतवाल खुशवंत सिंह के साथ एसडीआरएफ, पुलिस और फायर सर्विस की संयुक्त टीम मौके पर गई और किशोर की खोजबीन शुरू की गई। करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद किशोर का शव नदी से बरामद किया गया। प्रभारी कोतवाल खुशवंत सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया गया है।
तैरना नहीं जानता था मृतक
बागेश्वर। पुलिस के अनुसार सौरभ को तैरना नहीं आता था, जबकि रोहित भी अच्छी तरह से नहीं तैर सकता था। इस कारण दोनों किशोर तेज बहाव की चपेट में आकर डूबने लगे।
एक महीने में तीन घटनाएं
बागेश्वर। जिले में नदी में नहाने के दौरान डूबने की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। 13 जून को कपकोट के दूरस्थ गांव गोगिना में नहाने के दौरान चार किशोरों की डूबकर मौत हो गई थी। एक जून को गरुड़ में फल्यांटी गांव के दो किशोर गोमती नदी में डूबकर जान गंवा बैठे थे।
तीन बहनों का इकलौता भाई था सौरभ
बागेश्वर। पहले पति छोड़कर चला गया और अब इकलौता बेटा भी साथ छोड़ गया। यह दुखभरी दास्तान है सरयू नदी में डूबकर जान गंवाने वाले सौरभ की मां रमा देवी की।
ग्वाड़ निवासी अर्जुन सिंह स्यूनेरी सेना में नौकरी करते थे। 15 साल पहले उन्होंने सेना की नौकरी छोड़ दी और उसके बाद से उनका कुछ पता नहीं चला। पति के अचानक गायब होने से रमा देवी पर मानो दुखों का पहाड़ टूट गया, लेकिन उन्होंने बच्चों की खातिर खुद को संभाला और रुद्रपुर चली गई। किसी कंपनी में प्राइवेट नौकरी कर वह अपनी चार संतानों का पालन-पोषण करने लगी। विगत 18 जून को ही उन्होंने अपनी सबसे बड़ी बेटी की शादी की थी।
सौरभ ने इस वर्ष दसवीं की परीक्षा पास की थी और उनका परिवार छुट्टी मनाने के लिए घर आया था। क्षेत्र पंचायत सदस्य दीपक कार्की बताते हैं कि पति के लापता होने से रमा देवी किसी तरह से उबर गई थी। कपकोट के विधायक सुरेश गढ़िया, जिला पंचायत अध्यक्ष बसंती देव, पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण, बलवंत सिंह भौर्याल, पूर्व जिपं अध्यक्ष हरीश ऐठानी, नगर पालिका अध्यक्ष सुरेश खेतवाल आदि ने इस घटना पर दुख जताया है।
जिला मुख्यालय में नदियों में नहाने वालों पर जल पुलिस की मदद से नजर रखी जा रही है लेकिन ग्रामीण इलाकों में सब जगह पुलिस तैनात करना संभव नहीं है। अभिभावकों को भी अपने बच्चों पर नजर रखनी चाहिए।
-अमित श्रीवास्तव, एसपी बागेश्वर।