बागेश्वर/अल्मोड़ा। सात सूत्री मांगों के लिए लैब तकनीशियनों का विरोध जारी है। जिला अस्पताल में तैनात लैब तकनीशियनों ने काला फीता बांधकर कार्य किया। जल्द समस्याओं का निदान करने की मांग की। विभिन्न मांगों के लिए फार्मासिस्टों ने भी सीएमओ कार्यालय में दो घंटे का कार्य बहिष्कार किया।
लैब तकनीशियन कैडर का पुनर्गठन, सेवा नियमावली बनाने, एमएसीसी का लाभ, वर्दी भत्ता, धुलाई भत्ता आदि मांगों के लिए जिला अस्पताल के लैब तकनीशियन चरणबद्ध आंदोलन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार उनकी जायज मांगों की अनेदखी कर रही है। अगर जल्द मांग पूरी नहीं हुई तो आंदोलन को तेज किया जाएगा। इस मौके पर पुष्पा बिष्ट, आशुतोष धपोला आदि मौजूद रहे।
इधर अल्मोड़ा में बुधवार को तकनीशियनों ने बांह में काली पट्टी बांधकर विरोध जताते हुए कार्य किया। मांग पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि कोरोना काल में उन्होंने लगातार मनोयोग से कार्य किया। लेकिन उनकी मांगों पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है। इस मौके पर प्रमोद चंद्र जोशी, महेंद्र बिष्ट, संजय भट्ट, गायत्री अधिकारी, भुवन तिवारी आदि थे।
अल्मोड़ा/बागेश्वर। डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन के आह्वान पर विभिन्न मांगों के लिए फार्मासिस्टों का आंदोलन जारी है। बुधवार को दूसरे दिन भी फार्मासिस्टों ने दो घंटे कार्यबहिष्कार किया। मांग पूरी नहीं होने पर हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी।
फार्मासिस्ट संवर्ग का पुनर्गठन कर पदोन्नति के पदों में वृद्धि करने, संवर्ग की राजपत्रित एवं अराजपत्रित सेवा नियमावली को प्रख्यापित करने, पोस्टमार्टम भत्ते की विसंगति दूर करने सहित कई तमाम मांगों के लिए फार्मासिस्टों में आक्रोश है। दूसरे दिन जिला अस्पताल में फार्मासिस्टों ने दो घंटे कार्यबहिष्कार किया। वक्ताओं ने कहा कि लगातार सेवाएं देने के बाद भी उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं की जा रही है।
इस मौके पर जेएस मनराल, श्याम लाल, एमसी रेखाड़ी, बीडीएस शाह आदि फार्मासिस्ट रहे। बागेश्वर में भी डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन ने विभिन्न मांगों को लेकर दो घंटे का कार्य बहिष्कार किया। संगठन के जिलाध्यक्ष पीएस शाही ने कहा कि जब तक सरकार उनकी मांगों को पूरा नहीं करेगी दो घंटे का कार्य बहिष्कार जारी रहेगा। इस मौके पर जिला मंत्री केएस धौनी आदि रहे।