ताड़ीखेत में रोडवेज की भूमि का निरीक्षण करते अधिकारी। संवाद
- फोटो : RANIKHET
रानीखेत (अल्मोड़ा)। ताड़ीखेत में रोडवेज डिपो की खाली पड़ी जमीन का सदुपयोग होने जा रहा है। रानीखेत डिपो कार्यशाला को ताड़ीखेत शिफ्ट करने की कार्रवाई शुरू हो गई है। संयुक्त मजिस्ट्रेट के साथ लोनिवि, परिवहन विभाग और प्रशासन की टीम ने भूमि का संयुक्त निरीक्षण किया और गनियाद्योली से लेकर ताड़ीखेत तक 48 सीटर बसों के संचालन के लिए सड़क के चौड़ीकरण के लिए जगह चयनित की गई।
रानीखेत परिवहन डिपो की ताड़ीखेत में 26 नाली भूमि है, जो लंबे समय से बंजर पड़ी है। अब इस भूमि का सदुपयोग करने की योजना है। भूमि का में रानीखेत डिपो का कार्यशाला शिफ्ट होगी। हालांकि गनियाद्योली से लेकर ताड़ीखेत तक मार्ग बेहद संकरा होने के कारण फिलहाल अड़चन है, लेकिन सड़क के चौड़ीकरण के लिए भूमि का चयन कर लिया गाय हौ। संयुक्त मजिस्ट्रेट जय किशन के नेतृत्व में प्रशासन, लोनिवि और परिवहन विभाग के अधिकारियों की संयुक्त टीम ने गनियाद्योली से ताड़ीखेत तक मोटर मार्ग का निरीक्षण किया। बड़ी बसों का संचालन हो सके संकरे मोटर मार्ग का चौड़ीकरण किया जाएगा। संयुक्त टीम ने ताड़ीखेत में खाली पड़ी भूमि को भी देखा। प्रशासन इसकी रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंपेगा। इसके बाद कार्यशाला बनाने की योजना साकार होगी। निरीक्षण के दौरान आरटीओ गुरुदेव सिंह, लोनिवि के नरेंद्र रावत, प्रभारी एआरएम विजय तिवारी, तौड़ा के प्रधान मंजीत भगत आदि थे।