जागेश्वर धाम में मास्टर प्लान के तहत जमीन और भवनों का चिह्नीकरण करती राजस्व विभाग की टीम। संंवा
अल्मोड़ा। जागेश्वर धाम में मास्टर प्लान के तहत होने वाले पहले फेज के कार्यों को लेकर इसकी जद में आने वाले भवनों का चिह्नीकरण शुरू हो गया है। अधिकारियों के मुताबिक इसकी जद में कई दुकानें और भवन आ रहे हैं, इनका विस्थापन होगा।
जागेश्वर धाम का मास्टर प्लान सीएम पुष्कर सिंह धामी के ड्रीम प्रोजेक्ट में शामिल है। धाम के विकास के लिए तीन चरणों में मास्टर प्लान को धरातल पर उतारा जाना है। पहले चरण के एक पेज में लाइटिंग का काम शुरू हो चुका है और अब निर्माण कार्य की कवायद शुरू हुई है। जागेश्वर धाम में टैंपल यूटिलिटी, पब्लिक यूटिलिटी और भंडारा स्थल का निर्माण किया जाएगा। इसके लिए राजस्व विभाग ने मास्टर प्लान की जद में आने वाली भूमि और मकानों का सत्यापन शुरू कर दिया है। जानकारी के मुताबिक राजस्व की टीम ने मास्टर प्लान की जद में आ रहे भवनों और दुकानों का चिह्नीकरण कर दिया है। भविष्य में इन्हें विस्थापित किया जाएगा। संवाद
डंडेश्वर और आरतोला की स्थिति भी साफ
अल्मोड़ा। मास्टर प्लान के तहत जागेश्वर धाम के अलावा डंडेश्वर और आरतोला में भी कार्य होने हैं। राजस्व विभाग और लोनिवि ने आरतोला और डंडेश्वर में भी भूमि का भौतिक सत्यापन किया। दो-तीन महीने के बाद इन तीनों स्थानों पर मास्टर प्लान के कार्य शुरू होने की संभावना है।
Iजागेश्वर धाम में मास्टर प्लान के तहत इसकी जद में आने वाले भवनों का चिह्नीकरण किया जा रहा है। जमीन का भी अधिग्रहण होना है, इसकी कार्रवाई शुरू हो चुकी है।
- एनएस नगन्याल, एसडीएम, भनोली।I