रिंग रोड के लिए अधिग्रहीत जमीन के वाजिब मुआवजे के लिए सत्याग्रह पर बैठे किसान आंदोलन जारी रखें। अगर शासन, प्रशासन ने किसानों के साथ किसी प्रकार की जोर-जबरदस्ती करने की कोशिश की तो मुजफ्फरनगर से लखनऊ तक चक्काजाम किया जाएगा। पूरे देश में इसकी गूंज सुनाई देगी। ये बातें भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत ने बुधवार को किसानों से कहीं। उन्होंने हृदयपुर, अहमदपुर और इदिलपुर में किसानों से मुलाकात की और हर कदम पर उनका सहयोग व समर्थन करने की घोषणा की।
राकेश टिकैत ने कहा कि किसान कोई भीख नहीं मांग रहे, अपना हक मांग रहे हैं। जब रिंग रोड बनाने के लिए हर सामान (सीमेंट, गिट्टी, बालू, सरिया आदि) बाजार रेट से आए हैं तो फिर किसानों की जमीन का पैसा देने में प्रशासन हिचक क्यों रहा है? किसान नेता ने कहा कि अगर सरकार उनका मुआवजा नहीं देती तो वे अपनी जमीन पर घर बनाएं, खेती करें या जो चाहे करें। उन्होंने कहा कि हरिद्वार में अगले महीने किसानों की महापंचायत होनी है जिसमें बड़ी संख्या में देशभर से किसान सम्मिलित होंगे। उन्होंने यहां के किसानों को भी आमंत्रित किया।
कहा कि जब भी किसानों को जरूरत होगी वह हाजिर हो जाएंगे। इस दौरान किसानों ने खुलकर अपनी समस्याएं राकेश टिकैत से साझा कीं। उन्होंने बताया कि जमीन चली जाने के बाद से उनका जीवन कितना कठिन हो चुका है। किसानों का दर्द सुनने के बाद राकेश टिकैत ने बताया कि यहां के किसान समस्याओं से घिरे हैं। उनके लिए बच्चों की शिक्षा और बेटी की शादी भी एक बड़ी चुनौती बन गई है। इससे पूर्व किसान नेता विजय शंकर पांडेय ने टिकैत का स्वागत किया।
रिंग रोड के लिए अधिग्रहीत जमीन के पूरे मुआवजे के लिए 28 गांव के किसान पिछले 28 दिन से सत्याग्रह कर रहे हैं। बुधवार को भी हृदयपुर, अहमदपुर व इदिलपुर में सत्याग्रह कर रहे किसानों ने अपनी मांगों के समर्थन में जमकर नारेबाजी की। उन्होंने कहा कि पूरा मुआवजा मिलने तक आंदोलन जारी रखेंगे। किसान न्याय मोर्चा के प्रवक्ता विजय शंकर पांडेय ने अहमदपुर और इदिलपुर में किसानों से कहा कि उम्मीद है कि नए जिलाधिकारी उनके साथ न्याय करेंगे। इस अवसर पर ज्ञानचंद, कमलेश नारायण, अशांक प्रजापति, देवनाथ, छविनाथ, जितेंद्र पटेल, संजय मिश्रा, सुमित्रा, शिवकुमारी, मनरा देवी, उर्मिला, शीला आदि मौजूद रहीं। वहीं हृदयपुर के आंदोलन में रवींद्र पटेल, मंगू श्रीवास्तव, सूरेंद्र पटेल, रामराजी, गीता समेत बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।
भूमि अध्याप्ति कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार और करोड़ों रुपये के घोटाले की न्यायिक जांच कराने, परिसंपत्तियों का भुगतान करने तथा फसलों, मकानों व परिसंपत्तियों को ध्वस्त करने के दोषियों पर मुकदमा दर्ज कराने की मांग के समर्थन में 29 मई को हृदयपुर में विशाल किसान रैली का आयोजन किया जाएगा। यह बात बुधवार को पराड़कर भवन में आयोजित प्रेसवार्ता में किसान न्याय मोर्चा के प्रदेश प्रवक्ता विजय शंकर पांडेय तथा संयोजक महेंद्र प्रसाद एडवोकेट ने संयुक्त रूप से कही। कहा कि इसमें प्रभावित गांव के काश्तकार शामिल होंगे। गाजे-बाजे के साथ पदयात्रा भी निकाली जाएगी। निर्दोष 54 किसानों पर एफआईआर का मुद्दा भी किसानों ने प्रमुखता से उठाया। इस दौरान किसान नेताओं ने न्याय न मिलने तक आंदोलन जारी रखने की बात दोहराई। इस दौरान पूर्व एमएलसी अरविंद सिंह, आम आदमी पार्टी के पूर्वांचल संयोजक संजीव सिंह, कुंवर सुरेश, हरी सिंह आदि मौजूद रहे।