सपा के कद्दावर नेता, पूर्व मंत्री पारसनाथ यादव के निधन से रिक्त हुई मल्हनी विधानसभा सीट पर उपचुनाव का एलान हो चुका है। यहां तीन नवंबर को वोट पड़ेंगे। इसके लिए नामांकन की प्रक्रिया 9 अक्टूबर से शुरू हो जाएगी।
यादव बहुल सीट पर सपा से स्व पारसनाथ यादव के पुत्र लकी यादव का उतरना तय माना जा रहा है। पार्टी हाईकमान के संदेश के आधार पर वह लगातार प्रचार में जुटे हुए हैं। बसपा ने भी पिछले दिनों जेपी दुबे को प्रत्याशी घोषित किया है।
पूर्व सांसद धनन्जय सिंह ने भी मैदान में निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में उतरने का पहले ही एलान कर रखा है। लोगों की निगाहें सिर्फ भाजपा के टिकट पर ही अटकी हुई हैं। सत्ताधारी दल में टिकट के लिए दावेदारों की लंबी कतार है।
वर्ष 2017 में प्रत्याशी रहे सतीश सिंह, छात्र नेता और ब्लॉक प्रमुख रहे मनोज सिंह, पूर्व विधायक सीमा द्विवेदी, पूर्व जिलाध्यक्ष सुधाकर उपाध्याय, पाणिनी सिंह सरीखे कई दिग्गजों के नाम दावेदारों की कतार में हैं। रविवार के आधी रात से सोशल मीडिया में उपचुनाव की सात सीटों के प्रत्याशियों की सूची वायरल हुई।
इस लिस्ट में अन्य छह सीट पर दिवंगत भाजपा विधायक के परिजनों के ही नाम है, जबकि मल्हनी सीट पर पाणिनी सिंह का नाम दर्शाया गया है। हालांकि पार्टी पदाधिकारियों ने इस सूची की पुष्टि नहीं की है। उनके मुताबिक अधिकृत लिस्ट एक-दो दिन में आएगी।
बता दें कि मूल रूप से खुनसा गांव निवासी पाणिनी सिंह जिले के प्रमुख चिकित्सक रहे डॉ केएन सिंह के पुत्र हैं। कई वर्षों तक लगातार जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन रहे हैं। वर्ष 2012 में मल्हनी सीट पर हुए पहले चुनाव में बसपा के टिकट पर मैदान में उतरे थे।
इस चुनाव में उन्हें करीब 50 हज़ार वोट मिले थे। सपा के पारसनाथ यादव को जीत मिली थी, जबकि धनन्जय सिंह की पत्नी जागृति सिंह दूसरे स्थान पर थीं।