शुक्रवार शाम आई तेज आंधी और तूफान ने वाराणसी के कई गांवों में कहर बरपाया। मोंगलाबीर गांव में तीन सगी बहनों पर आम का पेड़ गिर गया। पेड़ से दबने पर एक की घटनास्थल पर ही मौत हो गई जबकि दो बहनें गंभीर रूप से घायल हो गईं।
वहीं मिर्जामुराद थाना परिसर में नीम का पेड़ गिरने से कैंपस में खड़ी पुलिस जीप और बांग्ला चट्टी स्थित शंकर जी मंदिर पर सियाराम बाबा का योगासन के कमरे का छत पेड़ गिरने से क्षतिग्रस्त हो गया। जिसमें लोग बाल- बाल बचे।
तेज आंधी व तूफान के चलते क्षेत्र के गौर, चक्रपानपुर, ब्यासपुर, मोंगलावीर शिवरामपुर आदि गांवों के दर्जनों पेड़ उखड़ गए और कई लोग जख्मी हो गए। आम की फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है। क्षेत्र में आधा दर्जन खंभे भी उखड़ जाने से बिजली आपूर्ति ठप हो गई। सेवापुरी में चहारदीवारी गिरने से चार बच्चे जख्मी हो गए।
शिवरामपुर निवासी राजेश राजभर की तीन पुत्री देवी (14), जय देवी (12) और शालू (10) तीनों बहनें पास के ही मोंगलबीर गांव स्थित सरकारी नलकूप से स्नान कर आंधी-पानी के दौरान ही घर लौट रहीं थी। रास्ते में आम का पेड़ गिरने से तीनों दब गईं।
हादसे में सबसे छोटी पुत्री शालू की मौत हो गई। जबकि अन्य दो बहनें बुरी तरह जख्मी हो गईं। ग्रामीणों की मदद से घायलों को इलाज के लिए बीएचयू ट्रामा सेंटर भेजा गया। शालू कक्षा पांच में पढ़ती थी।
पिता मजदूरी कर जीवकोपार्जन करता है। सूचना पाकर पहुंचे कार्यवाहक थानाध्यक्ष रामप्रकाश यादव ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। ग्रामीणों ने इस घटना को क्षेत्रीय विधायक नील रतन सिंह नीलू को भी अवगत कराया है।