डॉ. अग्रवाल ने बताया कि जिस तरह से ब्लैक फंगस के मामले बढ़ते जा रहे हैं, उसको लेकर कोरोना संक्रमित और कोरोना को मात देने वाले मरीजों और उनके परिजनों को ज्यादा सतर्कता बरतने की जरूरत है।
ईएनटी डिपार्टमेंट में डॉक्टर सुशील अग्रवाल की टीम ने अब तक तीन का ऑपरेशन किए हैं, जबकि 9 और मरीजों का ऑपरेशन होना है। जांच के बाद इसका फैसला लिया जाएगा। बीएचयू में आने वाले मरीजों को कोई परेशानी न हो और उन्हें समय से इलाज, जांच, ऑपरेशन कराया जा सके, इसके लिए टीम बना दी गई है।
ब्लैक फंगस के बढ़ते मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग भी तैयारियों में जुट गया है। इसके लिए सभी कोविड अस्पतालों के साथ ही निजी अस्पतालों को अलर्ट किया गया है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से सभी को पत्र भेजे जा चुके हैं। इस बारे में सीएमओ डॉक्टर वीबी सिंह ने बताया कि ब्लैक फंगस के मरीजों के आने के बाद उनके इलाज से जुड़ी तैयारियों और जागरूक करने का निर्देश दिया है।
बीएचयू अस्पताल के एमएस प्रो.केके गुप्ता ने बताया कि ब्लैक फंगस के मरीजों का पूरा डेटा तैयार कराया जाएगा, जिससे कि इलाज आदि की सही जानकारी मिल सके। इसके लिए कोविड एसोसिएटेड म्युकरो माइकोसिस (कैम) का गठन किया गया है। इसमें ईएनटी, प्लास्टिक सर्जरी, डेंटल सर्जरी, जनरल मेडिसिन, माइक्रोबायोलॉजी, चेस्ट,पैथालाजी आदि शामिल हैं।
बीएचयू के ईएनटी डिपार्टमेंट में डॉक्टर को दिखाने सोमवार को ब्लैक फंगस के दो मरीज पहुंचे, जिन्हें कोरोना जांच कराने की सलाह दी गई है। इसके अलावा पहले से कोरोना जांच करा चुके जिन तीन मरीजों की रिपोर्ट निगेटिव आई है, उनका ऑपरेशन जल्द होगा। उन्हें मंगलवार को भर्ती करने के लिए बुलाया गया है।