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स्टेप एप से सुलझेगी गणित की गुत्थी: सुपर बनारस अभियान के तहत कंप्यूटर गेम से खेल-खेल में सीख सकेंगे बच्चे

Sat, 07 May 2022 02:28 PM IST
उत्पल कांत पूजा सिंह, अमर उजाला, वाराणसी

सार

आईआईटी के युवाओं द्वारा तैयार गेमिंग एप के जरिए बच्चों को विज्ञान और गणित का डर भगाकर खेलों के माध्यम से पढ़ाया जाएगा। 
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया।
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विस्तार
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सरकारी स्कूलों के बच्चों की शिक्षा का स्तर बढ़ाने के लिए कंप्यूटर गेम (स्टेप एप) के जरिये पढ़ाई कराई जाएगी। कक्षा 6 से 12 तक के बच्चों को उत्कृष्ट शिक्षा देने के लिए वाराणसी जिला प्रशासन नया प्रयोग करने जा रहा है। आईआईटी के युवाओं द्वारा तैयार गेमिंग एप के जरिए बच्चों को विज्ञान और गणित का डर भगाकर खेलों के माध्यम से पढ़ाया जाएगा।

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बतौर पायलट प्रोजेक्ट सुपर बनारस की शुरूआत कुछ दिनों में हो जाएगी। प्रथम चरण में स्टेप एप टीम के सदस्य ब्लॉकों के स्कूलों का निरीक्षण कर स्थिति का जायजा लेंगे। अक्सर बच्चे गणित और विज्ञान के कठिन सवालों से डर कर उनसे दूर भागने लगते हैं। बच्चों के मन से विषय का डर निकालने के लिए जिला प्रशासन ने पहल की है।

बिना इंटरनेट के खेल-खेल में सीखेंगे बच्चे

बच्चों को कंप्यूटर गेम के जरिये गणित और विज्ञान के पाठ्यक्रम में दिए गए विषय वस्तु को खेलों के जरिये पढ़ाया जाएगा। स्टेप एप स्कूलों के कंप्यूटर सिस्टम में इसे डाउनलोड करेगा। जिसके बाद विद्यालय के हर बच्चे की आईडी बनाई जाएगी। बच्चा बिना इंटरनेट के खेल-खेल में पाठ में दिए गए विषय वस्तु समझ लेगा। कंप्यूटर के साथ बच्चे इसे मोबाइल पर भी खेल कर अपने विषय को समझ सकते हैं।  मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल ने कहा कि बेहतर पढ़ाई के लिए बीएसए को निर्देश दिया गया है। वे इस दिशा में काम कर रहे हैं। आने वाले दिनों में इसके अच्छे परिणाम दिखेंगे। 

प्रधानाध्यापक और शिक्षकों को मिलेगा प्रशिक्षण

सुपर-30 के तर्ज पर जिले में शिक्षा के क्षेत्र में नई पहल का नाम सुपर बनारस दिया गया है। इस अभियान के तहत न सिर्फ बच्चों को शिक्षा मिलेगी, बल्कि प्रधानाध्यापक और शिक्षकों को भी प्रशिक्षित किया जाएगा। जिसमें उन्हें स्टेप एप के बारे में बताया जाएगा। 

बौद्धिक क्षमता का भी होगा आकलन
कंप्यूटर पर गेम खेलने के दौरान बच्चों को अंक मिलेंगे, जो उसके डैशबोर्ड पर दिखाई देगा। इस अंक के जरिये शिक्षक बच्चे की बौद्धिक क्षमता का आकलन कर सकेंगे। गेम के जरिये यह भी पता लगाया जाएगा कि बच्चा किस में तेज और किस चीज में कमजोर है। 

स्कूलों में बनेंगे टैब लैब
बच्चों की शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए शुरू हुई पहल में जिन स्कूलों में कंप्यूटर की सुविधा नहीं होगी, वहां प्रशासन की ओर से टैब लैब की स्थापना की जाएगी। ताकि बच्चे टैब पर खेल के जरिये अपने विषय पर आसानी से समझ सकेंगे। 

मेधावी को मिलेगी ट्रेनिंग
गेम के जरिये गणित और विज्ञान की पढ़ाई करने वाले मेधावी छात्रों को स्टेप एप की ओर से जेईई और आईआईटी के लिए निशुल्क ट्रेनिंग कराई जाएगी। ताकि गरीब छात्रों को अपने डॉक्टर और इंजीनियर बनने के सपने से समझौता न करना पड़े। 
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बीएसए राकेश सिंह और प्रो. प्रवीण त्यागी - फोटो : अमर उजाला
बीएसए राकेश सिंह ने कहा कि कंप्यूटर गेम के जरिये बच्चों को गणित और विज्ञान जैसे कठिन विषयों की शिक्षा दी जाएगी, ताकि वह आगे चलकर भविष्य में अच्छा कर सकेंगे। मंडलायुक्त की ओर से निर्देश भी जारी हो चुके हैं। संस्था इस पर काम भी शुरू कर चुकी है। 

स्टेप एप के प्रो. प्रवीण त्यागी ने कहा कि स्टेप एप के जरिये बच्चों को खेलों के जरिये गणित के साथ विज्ञान से जुड़े विषय जैसे भौतिक, रसायन, बायोलॉजी की शिक्षा आसानी से दी सकेगी। इसके माध्यम से बच्चों की बौद्धिक क्षमता का भी आकलन होगा। 
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