वहीं, चिकित्सा अधीक्षक प्रो. केके गुप्ता ने पीआरओ आफिस के माध्यम से भेजे गए अपने बयान में बेड आवंटन में लापरवाही के आरोप को गलत बताया है। कहा है कि कार्डियोलॉजी विभाग को 61 बिस्तर अप्रैल 2022 में ही आवंटित किए जा चुके थे। अस्पताल प्रशासन द्वारा बार-बार निवेदन के बावजूद विभाग द्वारा नई बिल्डिंग में आवंटित बिस्तरों का प्रयोग शुरू नहीं किया गया है, जिससे मरीजों, स्वास्थ्य सेवाओं पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है।