फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी: लहुरी काशी पहुंचे साइबेरियन पक्षी, गंगा घाटों पर मेहमान पक्षियों का बसेरा

Thu, 26 Nov 2020 11:10 AM IST
गीतार्जुन गौतम अमर उजाला नेटवर्क, गाजीपुर
विज्ञापन
गाजीपुर में गंगा घाट पर साइबेरियन पक्षी। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

साइबेरियन पक्षी अब उत्तर प्रदेश की लहुरी काशी (गाजीपुर जिला) पहुंच गए हैं। इन दिनों सैदपुर गंगा घाटों पर मेहमान पक्षियों का बसेरा है। साइबेरिया की ठंडी जलवायु से बचने के लिए वहां के पक्षी प्राय हर वर्ष नवंबर माह के प्रथम सप्ताह में ही गाजीपुर के कई घाटों पर दिखाई देने लगते हैं।

विज्ञापन

इन्हें मैदानी भाग की जलवायु काफी पसंद है। यही कारण है कि यह कई किमी तक गंगा के किनारे को अपना बसेरा बनाए हुए हैं। दूर देश से आए इन मेहमान पक्षियों की खातिरदारी में यहां के नागरिक कोई कोर कसर नहीं छोड़ते। सुबह सूर्य की पहली किरण के साथ पेड़-पौधों के झुरमुटों से निकल कर आए पक्षी घाटों पर अठखेलियां करने लगते हैं।


गंगा की लहरों पर विचरण करते पक्षी दर्शकों को खूब लुभाते हैं। गंगा घाट पर नियमित स्नान करने वाले स्त्री पुरुष अपने घर से लाई, नमकीन ,सेव, कचरी एवं अन्य खाद्य पदार्थ आवाज देकर गंगा की लहरों में जब डालते हैं, तो मेहमान पक्षियों का झुंड का झुंड गंगा की लहरों से इन्हें चुगता है। इस दृश्य को कैमरे में कैद करने वाले लोग भी इन पक्षियों को दाना डालते रहते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

नवंबर से दिसंबर माह तक बसेरा करने वाले पक्षी धीरे-धीरे पश्चिम की ओर बढ़ने लगते हैं। जनवरी माह के शुरुआत में ये पक्षी प्रयागराज के संगम तट गंगा यमुना के ढाब की ओर चले जाते हैं। इन पक्षियों के आने पर शिकारी भी घात लगाए रहते हैं। देर शाम अपने बसेरे में जाते वक्त शिकारी उन पर हमला करने से नहीं चूकते।

मेहमान पक्षियों की रक्षा में पुलिस भी मूक दर्शक बनी रहती है। वन विभाग भी इस मामले में संवेदनहीन बन पक्षियों की रक्षा के प्रति चुप्पी साधे रहता है। प्रबुद्ध नागरिकों ने इन मेहमान पक्षियों की सुरक्षा किए जाने और इन्हें बेहतर संरक्षण दिए जाने की मांग वन विभाग और स्थानीय प्रशासन से गुहार की है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें