अर्द्धनारीश्वर स्वरूप का मिला दर्शन, शिव मंदिरों में कतार
सावन के तीसरे सोमवार पर बाबा विश्वनाथ का अर्द्धनारीश्वर स्वरूप के शृंगार और पूजन का विधान है। मंगला आरती के बाद से ही बाबा दरबार में परंपरा का निर्वहन आरंभ हुआ। बाबा के अर्द्धनारीश्वर स्वरूप का दर्शन कर भक्त भी निहाल होते रहे। वहीं शहर में जागेश्वर महादेव, बीएचयू विश्वनाथ, तिलभांडेश्वर, गौरी केदारेश्वर, रामेश्वर, आत्म वीरेश्वर, ऋणमुक्तेश्वर, कर्दमेश्वर, शूलटंकेश्वर महादेव सहित सभी शिव मंदिरों में दर्शन पूजन के लिए कतार लगी रही।
व्यापारियों ने किया बाबा का जलाभिषेक
सावन माह के तीसरे सोमवार को विश्वनाथ गली के व्यापारियों ने इस बार भी केवल पांच की ही संख्या में मंदिर पहुंचकर परंपरा का पालन किया। प्रतिवर्ष सावन के तीसरे सोमवार को विश्वनाथ गली व्यवसायी संघ द्वारा गली के सैकड़ों व्यापारियों के साथ शोभायात्रा निकालकर बाबा विश्वनाथ के मंदिर पहुंचकर उनका अभिषेक करते रहे हैं लेकिन गत वर्ष की तरह इस वर्ष भी कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए केवल पांच व्यापारी सदस्यों ने मंदिर में बाबा का अभिषेक किया।
सारंगनाथ में लगी कतार
सावन के तीसरे सोमवार को सारनाथ स्थित सारंगनाथ महादेव में शिवभक्तों की लंबी कतार लगी रही। भोर से ही शिवभक्तों ने सारंगनाथ को बेलपत्र, जल और दूध अर्पित किया।