संकटमोचन संगीत समारोह 27 अप्रैल से शुरू होगा और दो मई तक चलेगा। सात दिन की बजाय इस बार छह दिन तक चलने वाले समारोह में 150 कलाकार हनुमत दरबार में हाजिरी लगाएंगे। इससे पहले हनुमान जयंती पर मंगलवार को विशेष शृंगार होगा। रामनाम का संकीर्तन किया जाएगा। संकटमोचन संगीत समारोह का यह 101वां वर्ष है।
संकटमोचन मंदिर के महंत प्रो. विश्वंभरनाथ मिश्र ने रविवार को तुलसी घाट स्थित आवास पर पत्रकारों से बात की और संगीत समारोह के बारे में जानकारी दी। महंत प्रो. मिश्र ने बताया कि इस बार युवा कलाकारों को संगीत समारोह में वरीयता दी गई है। 12 पद्म पुरस्कार विजेता कलाकार भी शिरकत करेंगे। प्रख्यात गायिका कविता कृष्णमूर्ति बजरंगबली की स्तुति करेंगी। पंडित साजन मिश्र अपनी स्वरांजलि हनुमानजी के चरणों में अर्पित करेंगे। यह पहला मौका होगा, जब ध्रुपद गायिकी भी लोगों को सुनने को मिलेगी।
13 कलाकार पहली बार लगाएंगे हाजिरी
संगीत की अलग-अलग विधा के 13 कलाकार ऐसे हैं, जो संकटमोचन संगीत समारोह में पहली बार हाजिरी लगाएंगे। इनमें वाराणसी की अवंतिका महाराज व डॉ. के शशि कुमार, मुंबई की नंदिनी नरेंद्र बेडेकर, पंडित सौनक अभिषेकी व अभेद अभिषेकी, कोलकाता की मीनाक्षी मजूमदार, पंडित सुररंजन मुखर्जी व मधुमिता राय, प्रयागराज के विजय चंद्रा व ऋषि-वरुण मिश्रा, अहमदाबाद की बीना नेहुल मेहता और बेंगलुरु की भावना रामण्णा शामिल हैं। इसके अलावा अन्य सभी एक से अधिक बार संकटमोचन संगीत समारोह में हाजिरी लगा चुके हैं।
लंदन से तबला वादक संजू सहाय आएंगे, मालिनी अवस्थी भी रहेंगी
महंत प्रो. मिश्र ने बताया कि छह दिवसीय समारोह के लिए कलाकार काशी के अलावा दिल्ली, लखनऊ, मुंबई, कोलकाता, जालंधर, अहमदाबाद और लंदन से आएंगे। लंदन से तबला वादक संजू सहाय, दिल्ली से मालिनी अवस्थी, जयपुर से मोहनवीणा वादक पंडित विश्व मोहन भट्ट, मुंबई से भक्ति गायक अनूप जलोटा, सितार वादक निलाद्रि कुमार आएंगे। उस्ताद अकरम खान तबला वादन करेंगे। चेन्नई के मैंडोलिन वादक यू राजेश और ड्रम प्लेयर शिवमणि प्रस्तुति देंगे। हैदराबाद से आने वाले मृदंगम वादक येल्ला वैंकटेश्वर राव की प्रस्तुति भी देखने को मिलेगी।
24 अप्रैल से रामायण सम्मेलन
संकटमोचन मंदिर के महंत ने बताया कि हनुमान जयंती के उपलक्ष्य में श्री रामायण सम्मेलन सभा काशी का 101वां अधिवेशन होगा। इसके तहत 24 से 26 अप्रैल तक तीन दिवसीय सार्वभौम रामायण सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। इसमें काशी और देश के जाने-माने मानस वक्ता शाम 5 से रात 10 बजे तक कथा वाचन करेंगे। इस दौरान आरा से डॉ. भारत भूषण पांडेय, भभुआ से डॉ. चंद्रकांत चतुर्वेदी, मिर्जापुर से प्रो. नलिन श्याम कामिल मौजूद रहेंगे।