समाजवादी चिंतक डॉ. राम मनोहर लोहिया की 111वीं जयंती समाजवादी पार्टी ने वाराणसी के अर्दली बाजार स्थित कार्यालय पर मनाई। कार्यकर्ताओं ने लोहिया के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उनको याद किया। इस अवसर पर हुई विचार गोष्ठी में वक्ताओं ने उनके व्यक्तित्व व कृतित्व पर प्रकाश डाला। इस मौके पर कार्यकर्ताओं ने शहीद भगत सिंह, सुखदेव व राजगुरू के बलिदान दिवस पर उनको नमन किया। उनके बताए हुए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया।
सपा महानगर अध्यक्ष विष्णु शर्मा ने कहा कि डॉ. लोहिया भारत के स्वतन्त्रता संग्राम के सेनानी, प्रखर चिंतक तथा समाजवादी राजनेता थे। लोहिया के पिता हीरालाल अध्यापक थे और गांधी जी के अनुयायी थे। जब उनके पिता बापू से मिलने जाते थे तो साथ में लोहिया को भी ले जाते थे।
इसके कारण बापू के विराट व्यक्तित्व का उनके जीवन पर गहरा असर हुआ। उन्होंने पूरे जीवन गरीबों के हित के लिए संघर्ष किया। महासचिव जितेंद्र यादव ने कहा कि डॉ. लोहिया राजनीतिक शुचिता के हमेशा पक्षधर रहे। उनका कहना था कि जब तक गरीबी और अमीरी के बीच की खाई को पाटा नहीं जाएगा तब तक देश पूर्ण विकास नहीं कर सकेगा। विचार गोष्ठी का संचालन सपा नेता विकास यादव ने किया।