Varanasi News: वाराणसी में रूपाली और अवनीश को कृत्रिम हाथ लगे। अवनीश कुमार का बचपन में चारा मशीन से हाथ कट गया था। शुक्रवार को उनको कृत्रिम हाथ लगाया गया तो कहा कि आज मुझे नया जीवन मिल गया।
सहारनपुर के 20 साल के अवनीश कुमार का बचपन में चारा मशीन से हाथ कट गया था। लेकिन, उनकी प्रतिभा कम नहीं हुई। उन्होंने पिछले साल हुए यूथ एबिलिटी गेम में पदक जीता। उन्हें बनारस में शुक्रवार को कृत्रिम हाथ लगाया गया। खुश होकर अवनीश ने कहा कि आज मुझे नया जीवन मिल गया। अब कार चलाने का मेरा शौक पूरा हो जाएगा।
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इसी तरह बनारस की रूपाली को भी कृत्रिम हाथ लगाए गए। उन्होंने कहा कि अब वो भी स्कूटी चला सकेंगी। इनाली फाउंडेशन के सहयोग से भारत विकास परिषद वाराणसी शाखा और रोटरी क्लब ऑफ डाउन टाउन की ओर से सिगरा स्थित आशीर्वाद लॉन में निशुल्क कृत्रिम हाथ दान शिविर में दिव्यांगों की खुशी झलक रही थी।
कृत्रिम हाथ लगने के बाद किसी ने चाकू से खीरा काटा तो किसी ने रोटी बेली। शिविर में लखनऊ से राजेंद्र कुमार, लुधियाना से दीपक कुमार समेत 32 दिव्यांग पहुंचे थे। उनमें से 24 को कृत्रिम हाथ लगाए गए। बाकी के हाथों के नाप तैयार कर लगाए जाएंगे।
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फाउंडेशन की टीम के पुणे से आए गौतम ईदनानी, रिचर्ड लोबो, हसन शेख, प्राजक्ता कुमार भीलोर, अंजलि मौर्य, जमीर पठान मौजूद रहे। परिषद के प्रदेश के प्रांतीय अध्यक्ष अजीत मल्होत्रा, प्रमोद राम त्रिपाठी, ब्रह्मानंद पेशवानी, रमेश लालवानी, अजीत मेहरोत्रा, गिरीश गुप्ता, सुमन अग्निहोत्री आदि रहे।