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Varanasi: प्राइवेट स्कूल की शिक्षिका ने ट्रेन के आगे कूदकर दी जान, डेढ़ साल पहले हुई थी शादी

Sat, 13 May 2023 06:39 PM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी

सार

वाराणसी के रोहनिया क्षेत्र के जफराबाद गांव के सामने एक प्राइवेट स्कूल की शिक्षिका ने ट्रेन के आगे कूदकर खुदकुशी कर ली। पारिवारिक विवाद में आत्मघाती कदम उठाने की आशंका जताई जा रही है। शिक्षिका की डेढ़ साल पहले शादी हुई थी।
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सांकेतिक तस्वीर
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विस्तार
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वाराणसी के रोहनिया क्षेत्र के जफराबाद गांव के सामने एक प्राइवेट स्कूल की शिक्षिका ने ट्रेन के आगे कूदकर खुदकुशी कर ली। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लिया। खुदकुशी का कारण साफ नहीं है। पारिवारिक विवाद में आत्मघाती कदम उठाने की आशंका जताई जा रही है। शिक्षिका की डेढ़ साल पहले शादी हुई थी।

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पहाड़ी मंडुवाडीह निवासी संदीप पटेल की पत्नी निशा वर्मा (30) एक निजी स्कूल में शिक्षिका थी। शनिवार को स्कूल से निकलने के बाद निशा स्कूटी से जफराबाद गांव के सामने रेलवे ट्रैक के पास पहुंची। स्कूटी को स्टैंड पर लगाने के बाद मोबाइल, पायल, घड़ी उतारकर डिग्गी में रखी। कोई कुछ समझ पाता इससे पहले उसने ट्रेन के आगे छलांग लगा दी। घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गई।

सूचना पर रोहनिया एसीपी विदुष सक्सेना और प्रभारी निरीक्षक उपेन्द्र सिंह मौके पर पहुंचे। आरपीएफ ने शव को कब्जे मे लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया।

मृतिका के पिता राजेंद्र प्रसाद बीएलडब्लू के कर्मचारी हैं। उन्होंने बताया मेरी बेटी की शादी डेढ़ वर्ष पूर्व पहाड़ी गांव के संदीप पटेल के साथ हुई थी। संदीप बीएचयू में कर्मचारी हैं। शादी के बाद से ही पति-पत्नी में आए दिन विवाद होता रहता था।

तीन बच्चों के पिता ने फंदा लगाकर जान दी

आदमपुर क्षेत्र के चौहट्टा निवासी राजकुमार गुप्ता (48) ने शनिवार को फंदा लगा कर जान दे दी। परिजनों की सूचना पर पहुंची आदमपुर थाने की पुलिस ने कमरे का दरवाजा तोड़ कर शव को फंदे से नीचे उतारा। राजकुमार की आत्महत्या की वजह आर्थिक तंगी बताई जा रही है। राजकुमार के छोटे भाई मनोज ने बताया कि भैया शुक्रवार की रात परिवार के लोगों के साथ खाना खाए और अपने कमरे में चले गए। शनिवार की सुबह 10 बजे तक वह कमरे से बाहर नहीं आए तो आवाज दी गई, लेकिन दरवाजा नहीं खुला।
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खिड़की से जब लोगों ने अंदर झांका तो राजकुमार रोशनदान के सहारे साड़ी के फंदे से लटके दिखे। परिजनों ने बताया कि राजकुमार करीब दो साल से आर्थिक तंगी के कारण परेशान थे। राजकुमार ने काशी विश्वनाथ मंदिर के समीप दुकान ली थी, लेकिन उसे खोल नहीं पाए थे। कुछ दिन पहले राजकुमार की पत्नी राशि अपने मायके गोला दीनानाथ गई थी। वहीं ,राजकुमार की दो बेटियां स्तुति और ख्याति बेंगलुरु में रहकर प्राइवेट नौकरी करती हैं। छोटा बेटा वंश पढ़ाई कर रहा है। राजकुमार की मौत की सूचना पाकर पत्नी राशि घर पहुंची तो पति का शव देख कर बेसुध हो गई।
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