श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के अर्चक पंडित रामानंद दुबे, पंडित सुशील ककोरिया, पंडित अनिल चौबे, पंडित रोहन मिश्रा, पंडित शिवशंकर मिश्रा, पंडित शिवम दुबे ने सप्तऋषि आवाहनम को पूर्ण किया।
सद्गुरु जग्गी वासुदेव ने कहा कि यह एक तकनीक है। 45 मिनट से एक घंटे में जो ऊर्जा पैदा होती है, वह अभूतपूर्व है। कहीं भी मैंने पुजारियों द्वारा संचालित ऐसा कुछ नहीं देखा है। इसका उद्देश्य आंतरिक खुशहाली को बढ़ाना और सभी साधकों को अपनी पूरी क्षमता का एहसास करने का अवसर प्रदान करना है।