फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

काशी विद्यापीठ : 8000 सीटों के लिए 8029 पंजीकरण, 5191 ने जमा की फीस; जानें- क्या है मिशन एडमिशन

Thu, 20 Jun 2024 07:08 PM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी

सार

Varanasi News: विश्वविद्यालय में यूजी-पीजी के लिए 8029 अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया था, जबकि यहां सीटें 8000 के आसपास हैं। विश्वविद्यालय से मिली जानकारी के मुताबिक 5191 छात्र-छात्राओं ने फीस का भुगतान कर दिया है।
विज्ञापन
महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ की यूजी-पीजी की लगभग 8000 सीटों पर प्रवेश के लिए बुधवार तक 8029 पंजीकरण हो गए। इनमें 5191 छात्र-छात्राओं ने फीस भुगतान भी कर दिया है। इससे इतने प्रवेश लगभग तय हो गए हैं। पहले 15 जून तक प्रवेश के लिए ऑनलाइन आवेदन की तिथि तय की गई थी, लेकिन समर्थ पोर्टल के समय पर एक्टिवेट न हो पाने की वजह से आवेदन की अंतिम तिथि बढ़ाकर 30 जून कर दी गई है।

विज्ञापन


ज्यादातर छात्र-छात्राओं के बीच स्नातक में दाखिले के लिए सीयूईटी रिजल्ट का इंतजार होने के कारण राज्य विश्वविद्यालयों और उनसे संबद्ध महाविद्यालयों में प्रवेश के लिए आवेदन की रफ्तार काफी धीमी है।

बीते 24 मई को विश्वविद्यालय की ओर से जारी विज्ञप्ति में 30 मई से 15 जून तक ऑनलाइन आवेदन किया जाना था, लेकिन समर्थ पोर्टल के एक्टिवेट न हो पाने के कारण आवेदन की प्रक्रिया समय पर शुरू नहीं हो पाई। इससे आवेदन की गति भी धीमी रही। इसलिए विश्वविद्यालय प्रशासन ने आवेदन की तिथि बढ़ाकर 30 जून कर दी है।

विज्ञापन
विज्ञापन

बोले अधिकारी

ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि 30 जून तक बढ़ा दी गई है। स्नातक और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों के लिए आवेदन आने का सिलसिला जारी है। जुलाई से नया सत्र शुरू करने का प्रयास है। - डॉ. सुनीता पांडेय, रजिस्ट्रार, काशी विद्यापीठ।

तकनीकी समस्या ने फंसाया
पहली बार समर्थ पोर्टल पर प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने से नए पोर्टल के तकनीकी पेच ने काशी विद्यापीठ में प्रवेश प्रक्रिया को उलझा दिया। काफी दिनों तक पोर्टल के संचालन के लिए तकनीकी स्टाफ की कमी आड़े आती रही। इससे अमूमन मार्च-अप्रैल में शुरू हो जाने वाली प्रवेश प्रक्रिया इस बार मई के अंत में शुरू हुई। 

इस बीच दो-दो बार विश्वविद्यालय की टीम ने पोर्टल के तकनीकी पक्षों को समझने के लिए दिल्ली का दौरा किया। इसके बाद प्रवेश के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया शुरू हो पाई।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें