वाराणसी के रामनगर स्थित सूजाबाद घाट पर दाह संस्कार के बाद गंगा स्नान के दौरान रविवार रात किशोर की डूबने से मौत हो गई। सोमवार की सुबह घाट के पास शव मिला। दादी के दाह संस्कार को आए पोते की मौत की सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भिजवाया।
मुगलसराय कोतवाली अंतर्गत दुल्हीपुर बहावलपुर निवासी रविंद्र कुमार की मां बागेश्वर देवी का रविवार की दोपहर में निधन हो गया था। परिजन देर शाम दाह संस्कार के लिए पड़ाव स्थित सूजाबाद घाट पर पहुंचे। रात नौ बजे दाह संस्कार के बाद परिजन गंगा में स्नान कर रहे थे, इसी बीच रविंद्र का बड़ा बेटा किशन कुमार 12 वर्ष गहरे पानी में चला गया और डूब गया।
परिजन घाट पर उसकी मौजूदगी से अंजान थे। जब परिवार के सदस्य घर पहुंचे और किशन को नहीं पाकर उसकी खोजबीन शुरू कराई। परिजनों के अनुसार किशन का पता नहीं चलने पर कयास लगाया गया कि दादी से उसका काफी लगाव था, हो सकता है सदमे में कहीं इधर-उधर बैठा होगा।
काफी खोजबीन के बाद परिजनों ने सुजाबाद चौकी पर किशन के गायब होने की सूचना दी। उधर, सुबह घाट किनारे मल्लाहों के जाल में किशन का शव फंस गया। मल्लाहों की सूचना पर पहुंची रामनगर पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया। परिजन भी घटनास्थल पर पहुंच गए।बेटे का शव देखते ही मां वीरा देवी अचेत हो गईं। किशन तीन भाई और एक बहन में सबसे बड़ा था।