बच्चों और गर्भवती महिलाओं के नियमित टीकाकरण के लिए जिले में स्वास्थ्य विभाग की ओर से विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसके लिए माइक्रोप्लान भी बनाने का निर्णय लिया गया है, जिससे कि नियमित टीकाकरण का 100 फीसदी लक्ष्य को हासिल किया जा सके। सोमवार को आईएमए सभागार में आयोजित प्रशिक्षण में सीएमओ डॉ. संदीप चौधरी ने माइक्रोप्लान से जुड़ी जानकारी दी।
नियमित टीकाकरण के बारे में सीएमओ ने बताया कि आबादी के अनुसार संबंधित क्षेत्र का सर्वे करना, आशा कार्यकर्ता द्वारा हेड काउंट सर्वे कर ड्यू लिस्ट तैयार करना, माइक्रोप्लान तैयार करना, कोल्ड चेन पॉइंट की व्यवस्था की जांच, टीकाकरण सत्र के लिए वैक्सीन की पर्याप्त मात्रा की उपलब्धता पर विशेष जोर दिया जा रहा है। दो जून तक माइक्रोप्लान तैयार कर उसके अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी (डीआईओ) डॉ. वीएस राय ने बताया कि वर्ष 2022-23 के लिए 100 फीसदी उपलब्धि का लक्ष्य निर्धारित किया गया है ,जिसकी शत-प्रतिशत उपलब्धि हासिल करने की योजना तैयार की गई है। मॉनिटरिंग का कार्य डब्ल्यूएचओ और यूनिसेफ द्वारा किया जाएगा। एडिशनल सीएमओ डॉ. एके मौर्य ने कहा कि नियमित टीकाकरण के पांचों शहरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को कोल्ड चेन प्वाइंट बनाया जाएगा। एक कोल्ड चेन प्वाइंट से 5 से 6 शहरी पीएचसी को जोड़ा जाएगा जिससे वैक्सीन कि उपलब्धता निरंतर बनी रहे और टीकाकरण केंद्र और आशा कार्यकर्ताओं तक पहुंचाई जा सके। सार्वजनिक स्थलों, आंगनबाड़ी केंद्र पर भी टीका लगाया जाएगा। प्रशिक्षण में डिप्टी डीआईओ डॉ. सुरेश सिंह, डॉ. एके पांडेय, आईएमए अध्यक्ष डॉ. कार्तिकेय सिंह, डीएचईआईओ हरिवंश यादव आदि मौजूद रहे।