इससे पहले दोपहर में व्योमेश शुक्ल के निर्देशन में राम की शक्तिपूजा का मंचन किया गया। कलाकारों ने भावपूर्ण प्रस्तुतियों से दर्शकों के बीच अमिट छाप छोड़ी। कथक से लेकर भरतनाट्यम के साथ ही नृत्य की कई मुद्राओं की झलक देखने को मिली। युवा लेखक दिव्य प्रकाश दूबे ने अपनी कृतियां मसाला चाय, मुसाफिर कैफे, अक्तूबर जंक्शन पर चर्चा की। कवि सम्मेलन में रश्मि सबा, सपना मूलचंदानी, वसीम नादिर आदि ने काव्यपाठ कर सभी का ध्यान खींचा। वहीं, रितेश रजवाड़ा ने भी प्रस्तुति दी।