बनारस के मेयर के कार्यकाल के इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ कि किसी मेयर को सांसद का टिकट दिया गया है। इसके पहले सरोज सिंह, अमरनाथ यादव, राम गोपाल मोहले आदि मेयर रहे चुके हैं। जिन्हें बाद में भाजपा ने कोई टिकट नहीं दिया। पार्टी सूत्रों की मानें तो 2012 से ही पूर्व मेयर कौशलेंद्र सिंह टिकट के प्रयास में लगे रहे लेकिन सफलता 2018 में मिली।
बता दें कि कौशलेंद्र सिंह को फूलपुर से सांसद उपचुनाव के लिए टिकट दिया गया है। पार्टी के पटेल नेताओं में कौशलेंद्र की अच्छी पैठ है। बीते विधानसभा चुनाव में रोहनिया सीट से उन्हें टिकट देने की चर्चा रही लेकिन पार्टी नेतृत्व ने उनके बजाय सुरेंद्र नारायण सिंह को टिकट दिया था।
पार्टी में कौशलेंद्र को लेकर एक लॉबी शुरू से विरोध करती चली आ रही है। उस लॉबी की मानें तो जुगाड़ लगाने में कौशलेंद्र काफी माहिर हैं। जिसका फायदा उन्हें मिला है। टिकट मिलने के बाद पूर्व मेयर कौशलेंद्र सिंह ने बाबा विश्वनाथ, कालभैरव, केदारेश्वर का आशीर्वाद लिया।
इसके बाद पार्टी कार्यालय गुलाब बाग पहुंचे जहां पदाधिकारियों से मुलाकात और आशीर्वाद लेकर इलाहाबाद रवाना हो गए। पूर्व मेयर ने कहा कि पार्टी ने उन पर विश्वास जताया है। पार्टी के विश्वास पर खरा उतरने का प्रयास करेंगे।