वाराणसी। शहीदाने कर्बला और इमाम हुसैन का पचासा अकीदत के साथ बृहस्पतिवार को मनाया गया। शहर भर में जुलूस उठाए गए और अकीदतमंदों ने जुलूस की रास्ते भर जियारत की। फन ए सिपहगारी के जरिए कर्बला के शहीदों के लिए जंजीर और कमा का मातम किया गया।
बृहस्पतिवार को दोषीपुरा से अंजुमन जाफरिया और अंजुमन जाफरिया कदीम तथा रसूरलपुर व बड़ी बाजार से अंजुमन अंसारे हुसैनी, चौहट्टा लाल खान से अंजुमन आबिदिया ने जुलूस निकाला। जुलूस अपने कदीमी रास्तों से होते हुए सदर इमामबाड़ा पहुंचा। उलेमा ने तकरीर की और कर्बला के वाक्यात बयान किए। कहा कि हम हुसैनी हैं, न हम जुल्म सहते हैं और न जुल्म करते हैं। सदर इमामबाड़े में सुबह से ही जियारत करने वालों के आने जाने का सिलसिला शुरू हो गया था। बीबी फातिमा और इमाम हुसैन के रौजे पर जियारत करकेखिराज ए अकीदत पेश की गई। मौके पर डॉ. शफीक हैदर, मौलाना वसीम रिजवी, मौलाना इकबाल हैदर, मौलाना फिरोज हुसैन, नसीर आजमी व हाजी फरमान हैदर मौजूद रहे।