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Flood Alert: वाराणसी में 10 महीने बाद फिर बढ़ने लगा गंगा का जलस्तर, घाटों पर चढ़ा पानी; प्रशासन अलर्ट

Mon, 20 Jul 2026 12:20 AM IST
Aman Vishwakarma अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

Varanasi News: वाराणसी में 10 महीने बाद गंगा का जलस्तर फिर बढ़ने लगा है। पानी घाटों की आठ सीढ़ियां चढ़ने से शीतला घाट की गंगा आरती प्रभावित हुई है। जल पुलिस, एनडीआरएफ और पीएसी सतर्क हैं। प्रशासन छोटी नावों के संचालन पर रोक की तैयारी कर रहा है, जबकि तटवर्ती क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी गई है।
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बढ़ रहा गंगा का जलस्तर। - फोटो : अमर उजाला
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Varanasi News: वाराणसी में करीब 10 महीने बाद एक बार फिर गंगा का जलस्तर बढ़ने लगा है। लगातार हो रही बढ़ोतरी के चलते घाटों पर पानी चढ़ने लगा है और कई स्थानों पर धार्मिक गतिविधियां भी प्रभावित होने लगी हैं। गंगा का पानी घाटों की करीब आठ सीढ़ियां चढ़ चुका है। सबसे अधिक असर शीतला घाट पर दिखाई दे रहा है, जहां गंगा आरती का स्थल जलमग्न होने के बाद अब पानी ऊपर की सीढ़ियों तक पहुंच गया है। इसके चलते गंगा आरती की व्यवस्था प्रभावित होने लगी है।

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बढ़ते जलस्तर को देखते हुए जल पुलिस, एनडीआरएफ, स्थानीय पुलिस और पीएसी के जवान लगातार निगरानी कर रहे हैं। प्रशासन ने तटवर्ती क्षेत्रों में सतर्कता बढ़ा दी है। वहीं गंगा और वरुणा किनारे रहने वाले लोग भी संभावित बाढ़ को लेकर चिंतित हैं। स्थानीय स्तर पर अब यह चर्चा शुरू हो गई है कि यदि जलस्तर तेजी से बढ़ा तो इस बार बाढ़ से बचाव के लिए प्रशासन क्या इंतजाम करेगा।

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केंद्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी) के अनुसार रविवार को गंगा का जलस्तर बढ़कर 60.82 मीटर दर्ज किया गया, जबकि शनिवार को यह 60.67 मीटर था। यानी 24 घंटे में जलस्तर में 15 सेंटीमीटर की वृद्धि हुई है। वर्तमान में गंगा का जलस्तर औसतन तीन सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रहा है। पिछले वर्ष 19 जुलाई को इसी अवधि में गंगा का जलस्तर 65.34 मीटर दर्ज किया गया था।

जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी के कारण घाटों पर आने वाले श्रद्धालुओं, नाविकों और स्थानीय लोगों की गतिविधियां प्रभावित होने लगी हैं। प्रशासन ने सुरक्षा के मद्देनजर नाव संचालन पर भी नजर रखनी शुरू कर दी है। एनडीआरएफ के नवागत कमांडिंग अधिकारी अनूप सिंह बिष्ट ने बताया कि बढ़ते जलस्तर को देखते हुए नावों के संचालन की लगातार निगरानी की जा रही है। यदि जलस्तर इसी तरह बढ़ता रहा तो सबसे पहले हस्तचालित छोटी नावों के संचालन पर रोक लगाई जाएगी। प्रशासन ने लोगों से नदी किनारे अनावश्यक रूप से न जाने और सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
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