केंद्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी) के अनुसार रविवार को गंगा का जलस्तर बढ़कर 60.82 मीटर दर्ज किया गया, जबकि शनिवार को यह 60.67 मीटर था। यानी 24 घंटे में जलस्तर में 15 सेंटीमीटर की वृद्धि हुई है। वर्तमान में गंगा का जलस्तर औसतन तीन सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रहा है। पिछले वर्ष 19 जुलाई को इसी अवधि में गंगा का जलस्तर 65.34 मीटर दर्ज किया गया था।
जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी के कारण घाटों पर आने वाले श्रद्धालुओं, नाविकों और स्थानीय लोगों की गतिविधियां प्रभावित होने लगी हैं। प्रशासन ने सुरक्षा के मद्देनजर नाव संचालन पर भी नजर रखनी शुरू कर दी है। एनडीआरएफ के नवागत कमांडिंग अधिकारी अनूप सिंह बिष्ट ने बताया कि बढ़ते जलस्तर को देखते हुए नावों के संचालन की लगातार निगरानी की जा रही है। यदि जलस्तर इसी तरह बढ़ता रहा तो सबसे पहले हस्तचालित छोटी नावों के संचालन पर रोक लगाई जाएगी। प्रशासन ने लोगों से नदी किनारे अनावश्यक रूप से न जाने और सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की है।