तीन मिनट 48 सेकेंड तक रहेगी वलायाकार स्थिति
पं. मालवीय ने बताया कि 10 जून को लगने वाला सूर्य ग्रहण दोपहर 1 बजकर 42 मिनट पर शुरू होगा और शाम 6 बजकर 41 मिनट पर खत्म होगा। लगभग पांच घंटे के इस ग्रहण में तीन मिनट 48 सेकेंड तक वलयाकार स्थिति बनी रहेगी। ग्रहण मुख्य रूप से उतरी अमेरिका, यूरोप और एशिया में आंशिक व उतरी कनाडा, ग्रीनलैंड और रूस में पूर्ण रूप से दिखाई देगा।
सूर्य ग्रहण का प्रभाव वृषभ राशि और मृगशिरा नक्षत्र में सबसे ज्यादा दिखेगा। यह एक वलयाकार सूर्य ग्रहण होगा। जब चंद्रमा सूर्य और पृथ्वी के बीच आ जाता है, लेकिन उसका आकार पृथ्वी से देखने पर इतना नजर नहीं आता कि वो सूर्य को पूरी तरह ढक सके, तो ऐसी स्थिति को वलयाकार सूर्य ग्रहण कहते हैं। वलयाकार सूर्य ग्रहण में चंद्रमा के बाहरी किनारे पर सूर्य एक चमकदार रिंग यानि एक अंगूठी की तरह नजर आता है।
चार दिसंबर को होगा दूसरा सूर्यग्रहण
साल 2021 का दूसरा और अंतिम सूर्य ग्रहण 4 दिसंबर को लगेगा, जो एक पूर्ण सूर्य ग्रहण होगा। साल का दूसरा सूर्य ग्रहण अंटार्कटिका, दक्षिण अफ्रीका, अटलांटिक के दक्षिणी भाग, ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अमेरिका में ही नजर आएगा।