थाना सिकंदरपुर में नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में विशेष न्यायाधीश (पाक्सो एक्ट) ने आरोपी प्रेमसागर मोदनवाल निवासी मिल्की कस्बा सिकंदरपुर को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। 20 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है। उसका आधा भाग पीड़िता को दिया जाएगा। अर्थदंड अदा न करने पर आरोपी की चल अचल संपत्ति से इस धनराशि की वसूली की जाएगी।
चार अप्रैल 2020 को पीड़िता की मां ने तहरीर देकर आरोप लगाया था कि उसकी 10 वर्षीय पुत्री मोबाइल रिचार्ज कराने आरोपी की दुकान पर गई थी। मोबाइल रिचार्ज करने के बाद आरोपी ने पीड़िता को ऊपर कमरे में ले जाकर दुष्कर्म किया था। तहरीर पर थाना सिकंदरपुर में पॉक्सो एक्ट के तहत मामला पंजीकृत किया गया था।
पुलिस की ओर से चार्जशीट पेश करने के बाद विशेष लोक अभियोजक राकेश कुमार पांडेय और संयुक्त निदेशक अभियोजन सुरेश कुमार पाठक की ओर से प्रभावी पैरवी कराई गई। सुनवाई के बाद विशेष न्यायाधीश (पाक्सो एक्ट) शिव कुमार द्वितीय ने आरोपी प्रेम सागर मोदनवाल पुत्र स्व. देववंश प्रसाद निवासी मोहल्ला मिल्की कस्बा सिकंदरपुर को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 20 हजार रुपये के अर्थदंड भी लगाया।