वाराणसी नगर निगम कार्यकारिणी सदस्यों के चुनाव के दौरान 23 मार्च को हुए हंगामे के बाद मंगलवार को चुनाव के लिए सदन की बैठक फिर बुलाई गई है। टाउनहाल में आयोजित इस बैठक के लिए अधिकारी जहां दस्तावजों को सही करने में जुटे रहे, वहीं पक्ष-विपक्ष ने अपनी-अपनी रणनीति को अंतिम रूप दे दिया है।
भाजपा जहां छह कार्यकारिणी सदस्यों के चुनाव के लिए निर्दलीय पार्षदों की जोड़तोड़ में जुटी है, वहीं विपक्ष के साझा मंच ने चुनाव का विरोध करने की पूरी तैयारी कर ली है। पहली बार होने वाली बैठक के लिए टाउनहाल को सजाया गया है।
23 मार्च को कार्यकारिणी चुनाव के लिए सांस्कृतिक संकुल में सदन की बैठक बुलाई गई थी। इस दौरान भाजपा के एक पार्षद की पत्नी की मौत के कारण महापौर मृदुला जायसवाल ने शोकसभा के बाद बैठक को अनिश्चतकाल के लिए स्थगित कर दिया था।
विरोध में विपक्ष ने संकुल से लेकर तेलियाबाग तक हंगामा किया। हंगामे के कारण मेयर की गाड़ी का कांच भी टूट गया था। दोनों पक्षों में हाथापाई और बीचबचाव के दौरान एक भाजपा नेता की रिवाल्वर भी गिर गई थी।
मामले में पुलिस ने अपर नगर आयुक्त और भाजपा पार्षदों की तहरीर पर 11 नामजद और 10 अज्ञात के खिलाफ कैंट थाने में मुकदमा दर्ज कराया। कुछ को पुलिस ने हिरासत में ले लिया जबकि बाकी हाईकोर्ट से स्टे ले लिए।
पहचान पत्र पर ही प्रवेश पाएंगे पार्षद
नगर निगम की बैठक के लिए टाउन हाल में की गई तैयारी
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तभी से नाराज विपक्ष पहले मुकदमा हटाने और सदन न चलाने की बात पर अड़ा हुआ है। विपक्षी पार्षदों ने सोमवार को दोहराया कि मुकदमे वापस नहीं होने पर वे सदन के अंदर नहीं जाएंगे और बाहर धरना-प्रदर्शन करेंगे। दूसरी ओर भाजपा पार्षद उनको समझा-बुझाकर चुनाव कराने की तैयारी में जुटे हैं।
साझा मंच व कांग्रेस पार्षद दल के नेता सीताराम केसरी ने कहा कि हम चुनाव का बहिष्कार नहीं कर रहे हैं लेकिन पूर्व में हुए हंगामे के बाद फर्जी मुकदमा कराने का विरोध करेंगे।
उधर, 23 मार्च को हुए हंगामे के मद्देनजर इस बार सख्ती बरती जा रही है। पिछली बार पार्षदों के साथ उनके प्रतिनिधि और महिला पार्षदों के साथ उनके पति भी सदन में बैठ गए थे। विराध प्रदर्शन के दौरान बाहरी लोगों ने बवाल मचाया था। इस बार सभी पार्षदों को आईकार्ड जारी किए गए हैं।
महापौर मृदुला जायसवाल ने कहा कि जिन पार्षदों के पास पहचान पत्र नहीं होगा, उन्हें प्रवेश नहीं दिया जाएगा। सदन में पिछली बार हुए हंगामे को देखते हुए इस बार नगर निगम प्रशासन काफी सतर्कता बरत रहा है। नगर निगम ने एसएसपी को पत्र लिखकर पर्याप्त पुलिस बल तैनात करने के लिए कहा है।
एसएसपी ने बताया कि सदन की बैठक के दौरान पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था रहेगी। बैठक स्थल पर इंस्पेक्टर और एक गाड़ी पीएसी और महिला पुलिस के अलावा कोतवाली पुलिस भी तैनात रहेगी।