आईआईटी बीएचयू की छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में गवाही के लिए डॉक्टर तलब
- घटनास्थल पर मौजूद छात्रा के दोस्त का बयान अदालत में नहीं किया जा सका, मौखिक रूप से बताया कि उचित समय पर दर्ज किया जाए बयान, छूट जाती है क्लास
- एक आरोपी ने दूसरे गवाह को तलब किए जाने पर आपत्ति जताई
माई सिटी रिपोर्टर
वाराणसी। आईआईटी बीएचयू की छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में फास्ट ट्रैक कोर्ट (प्रथम) के न्यायाधीश कुलदीप सिंह ने अभियोजन पक्ष की तीसरी गवाह डाॅ. अनामिका सिंह को गवाही के लिए तलब किया है। अब मामले की सुनवाई 17 जनवरी को होगी।
अदालत में सोमवार को गवाही देने के लिए अभियोजन पक्ष का अहम गवाह छात्रा का दोस्त और आईआईटी बीएचयू का छात्र उपस्थित हुआ, लेकिन बार एसोसिएशन के कार्य बहिष्कार के चलते उसका बयान दर्ज नहीं किया जा सका। इस पर छात्रा के दोस्त ने मौखिक रूप से अदालत को बताया कि न्यायालय में उपस्थित होने पर उसकी क्लास छूट जाती है। ऐसे में किसी उचित समय पर उसका साक्ष्य लिया जाए। इसी बीच आरोपी कुणाल पांडेय की तरफ से प्रार्थना पत्र दिया गया। उसकी तरफ से कहा गया कि अभी पीड़िता का बयान दर्ज किया जाना है। बचाव पक्ष की तरफ से पीड़िता से जिरह की जा रही है। इसके बावजूद दूसरे गवाह को साक्ष्य के लिए तलब किया गया। इससे मुकदमे पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। दूसरे गवाह की तरफ से स्वयं ही साक्ष्य के लिए उचित समय की मांग की जा रही है। आरोपी के इस प्रार्थना पत्र पर एडीजीसी (फौजदारी) मनोज कुमार गुप्ता ने आपत्ति जताई है।