तैयारियों के बाबत पर्यटन विभाग की उप निदेशक प्रीति श्रीवास्तव ने बताया कि इस बार देव दीपावली अद्भुत होगी। तैयारी अंतिम चरण में है। रोरो बोट पर देव दीपावली के मौके पर आने वाले विशेष अतिथि सवार होंगे। वहीं, इस ऐतिहासिक मौके को यादगार बनाने के लिए दस लाख से अधिक लोगों के आने की संभावना है। कार्यक्रम में शामिल होने के लिए लोग आने भी लगे हैं। जबकि बहुत से लोग ट्रेन से भी आएंगे। इसे ध्यान में रखते हुए रेलवे भी तैयारी की है।
सजेगा रेलवे स्टेशन और मालवीय ब्रिज
कैंट रेेलवे स्टेशन के निदेशक गौरव दीक्षित ने बताया कि देव दीपावली पर वाराणसी (कैंट), काशी रेलवे स्टेशन और मालवीय ब्रिज को भी झालरों से सजाया जाएगा। इसके लिए तैयारी चल रही है। वहीं, एक दिन पहले एडीआरएम उत्तर रेलवे वाराणसी लालजी चौधरी ने भी कैंट रेलवे स्टेशन का निरीक्षण किया था। उन्होंने देव दीपावली के मद्देनजर स्टेशन पर बिजली, पानी के साथ-साथ सफाई व्यवस्था को भी दुरूस्त करने को कहा है।
दो साल बाद साक्षी बनेंगे विदेशी पर्यटक
देव दीपावली इस बार अलग होगी। पर्यटन विभाग भी इसे यादगार बनाने की तैयारी में हैं। वजह,कोरोना काल के बाद यह पहला मौका होगा जब विदेेशी पर्यटकों को आने की छूट होगी, जो बड़ी संख्या में देव दीपावली के साक्षी बनेंगे। इसके लिए अधिकांश ने होटल तक की बुकिंग करा ली है।