रेलवे स्टेशन पर पुलिसकर्मियों से पूछताछ करते एसपी जीआरपी गोरखपुर डा.धर्मवीर सिंह
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बलिया रेलवे स्टेशन के बाहर मेरठ से आए दो चांदी कारोबारियों से हजारों रुपये लूटने का मामला प्रकाश में आने से पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया है। लूट के आरोप वर्दीधारी पुलिसकर्मियों पर लगे हैं। हालांकि पीड़ित चांदी कारोबारी एफआईआर दर्ज कराने की बजाय होटल छोड़कर फरार हो गए। इससे पूरे मामले पर पर्दा पड़ता नजर आ रहा है।
मेरठ जनपद के जानी के जय प्रकाश, टिकरी निवासी अरुण कुमार 14 जून को अपने दो साथियों के साथ स्टेशन के पास स्थित होटल के कमरा नंबर-108 में आकर रुका था। इनमें एक दिव्यांग था। दिव्यांग की शादी की बात कहकर होटल में कमरा बुक करवाया गया था।
रिपोर्ट के मुताबिक, सोमवार शाम को स्टेशन के बाहर वर्दी में पहुंचे दो सिपाहियों ने अरुण कुमार समेत दोनों कारोबारियों को पकड़ लिया। पहले स्टेशन के बाहर स्थित एटीएम से 20 हजार रुपये निकलवाए फिर वहां से दोनों को लेकर होटल पहुंचे। कमरा चेक करने की बात कही।
चाभी नहीं होने की दशा में कमरे का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया और कारोबारियों के बैग में रखे 35 हजार रुपये निकाल लिए। पैसा लेने के बाद सिपाही वहां से चले गए। हैरत की बात ये है कि खुद के साथ हुई घटना की एफआईआर दर्ज कराने की बजाय तीनों कारोबारी होटल छोड़कर चलते बने।
घटना की चर्चा क्षेत्र में जारों पर रही। सुबह घटना की जानकारी जब ओक्डेनगंज चौकी प्रभारी को हुई तो वो होटल पहुंचे। चौकी पर तैनात सभी सिपाहियों को होटल पर बुलाया और होटल के मैनेजर से पहचान करवाया। इन्हें होटल के मैनेजर ने पहचानने से इंकार कर दिया।