महिलाओं की जांच केवल महिला पुलिसकर्मियों द्वारा ही की जाएगी। उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था के सभी पहलुओं का सूक्ष्म आकलन कर संभावित खतरों और चुनौतियों के प्रति सतर्क रहने के निर्देश दिए। किसी भी आकस्मिक स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने तथा भीड़ प्रबंधन के दौरान ''नो टच पॉलिसी'' का कड़ाई से पालन करने को कहा।
कार्यक्रम में शामिल होने वाले लोगों के वाहनों के लिए कार्यक्रम स्थल के पास अस्थायी पार्किंग की व्यवस्था की जाएगी। वीआईपी मार्ग को पूरी तरह अवरोधमुक्त रखा जाएगा तथा किसी भी वाहन को वहां रुकने या पार्क करने की अनुमति नहीं होगी।
वीआईपी मूवमेंट के दौरान निर्बाध यातायात बनाए रखने के लिए पूर्व निर्धारित रूट डायवर्जन योजना प्रभावी ढंग से लागू की जाएगी। जाम की स्थिति से बचाव के लिए लगातार निगरानी के निर्देश दिए गए। ड्यूटी में तैनात सभी पुलिसकर्मियों को पूर्व ब्रीफिंग के माध्यम से उनकी जिम्मेदारियां स्पष्ट रूप से बताई जाएंगी। उन्हें सुरक्षा संबंधी आवश्यक दिशा-निर्देश और व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।
ड्यूटी के दौरान मोबाइल फोन के अनावश्यक प्रयोग पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। पुलिसकर्मियों को निर्धारित समय से पहले बेहतर टर्नआउट के साथ ड्यूटी स्थल पर उपस्थित रहने तथा आमजन के साथ विनम्र, शालीन और संवेदनशील व्यवहार करने के निर्देश दिए गए। किसी भी आकस्मिक स्थिति में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई के लिए पूरी तरह तैयार रहने को कहा गया।
इस दौरान अपर पुलिस आयुक्त (कानून-व्यवस्था एवं मुख्यालय) शिवहरी मीणा, अपर पुलिस आयुक्त (अपराध) आलोक प्रियदर्शी सहित सभी राजपत्रित अधिकारी, प्रशासनिक अधिकारी, थाना प्रभारी और अन्य अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।