मोहनसराय चौकी पर हंगामा
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युवती का आरोप है कि बाइक सवार मोहनसराय चौकी पर तैनात सिपाही अखिलानंद पटेल था। घटना की सूचना पर ग्रामीण और पूर्व मंत्री सुरेंद्र पटेल, जिलाध्यक्ष सुजीत यादव लक्कड़ भी मौके पर पहुंच गए। चौकी पहुंचे तो प्रभारी निरीक्षक विमल कुमार मिश्रा से नोकझोंक हुई। दरोगा पर दुर्व्यवहार का आरोप लगाते हुए पूर्व मंत्री, सपा जिलाध्यक्ष समेत समर्थक आक्रोशित हो गए।
सीओ सदर अखिलेश प्रताप सिंह के पहुंचने पर किसी तरह मामला शांत हुआ। पूर्व मंत्री का आरोप रहा कि थाने पर तीन साल से जमा सिपाही इंस्पेक्टर का कारखास है, युवती से छेड़खानी किया।
सिपाही ने लगाया मारपीट का आरोप
वहीं, सिपाही अखिलानंद त्रिपाठी ने बताया कि वह सादे वेश में अपनी बाइक की सर्विसिंग टड़िया पर करवा रहा था। इस बीच बाइक सवार दो युवक पहुंचे और कहा कि 39 नंबर की बाइक से छेड़खानी करके युवक भागा है। इस पर दोनों युवकों से हमने बाइक का पूरा नंबर पूछा और खुद को सिपाही बताया तो इतने में उलझ गए और मारपीट करने लगे।
चौकी से अन्य सिपाही आए तो बीचबचाव किया। इन लोगों को जब मालूम चला कि सिपाही को पीट दिए तो हैं तो फर्जी में छेड़खानी का आरोप लगाने लगे। यह बिल्कुल गलत है, जिस स्थान पर छेड़खानी का आरोप लगाया गया, उस जगह की जांच करा ली जाएं, हम उक्त स्थल पर गए ही नहीं है। इस संबंध में सीओ सदर अखिलेश सिंह ने बताया कि मामले की जांच कराई जा रही है, यदि सिपाही दोषी होगा तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।