बीएचयू के सिंह द्वार पर छात्रों से बात करतीं चीफ प्रॉक्टर
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बीएचयू विधि संकाय के छात्र एक बार फिर से प्रवेश पत्र जारी करने की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए। दोपहर में उन्होंने केंद्रीय कार्यालय पर धरना दिया और प्रवेश पत्र जारी करने की मांग की। कुलसचिव से मिलने के बाद भी जब उनकी बात नहीं बनी तो सिंह द्वार पर धरने पर बैठ गए। यहां पर उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन और विधि संकाय के डीन पर तानाशाही रवैया अपनाने का आरोप लगाया। छात्रों का कहना है कि जब तक उन्हें परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं दी जाती वो धरने पर बैठे रहेंगे।
दरअसल विधि संकाय के करीब 120 छात्राें की उपस्थिति 75 फीसदी से कम होने की वजह से उन्हें परीक्षा से वंचित कर दिया गया है। उन्हें प्रवेश पत्र जारी नहीं किया गया है। छात्रों का आरोप है कि हमारी कक्षाएं कम चली हैं। इस वजह से ही हमारी उपस्थिति कम है।
हालांकि बताया ये भी जा रहा है कि कुछ छात्रों की उपस्थिति जीरो प्रतिशत है। करीब 20 ऐसे छात्र हैं जिन्होंने एक ही नर्सिंग होम से मेडिकल बनवाकर संकाय में जमा किया है। सिंह द्वार पर धरने पर बैठे छात्रों को समझाने के लिए चीफ प्राक्टर प्रो. रोयना सिंह पहुंची लेकिन छात्र अपनी मांग पर अड़े हुए हैं। उधर, छात्रों के इस विरोध प्रदर्शन को देखते हुए सिंह द्वार के बाहर पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है। छात्रों का धरना जारी है।