वर्तमान में सर्वाइकल कैंसर के लिए उपलब्ध इलाज जो कि कीमोथेरेपी और रेडियोथेरेपी है। इससे गैर-कैंसर कोशिकाओं पर भी प्रभाव पड़ता है जो काफी हानिकारक और विषाक्त है।
प्रोटीन को भी अस्थिर करता है माइक्रो आरएनए
इस अध्ययन के निष्कर्ष बीएमसी कैंसर में प्रकाशित हुए हैं। बीएमसी कैंसर के क्षेत्र में सबसे प्रतिष्ठित पत्रिकाओं में से एक है। डॉ. समरेंद्र सिंह ने कहा कि माइक्रोआरएनए कोशिका चक्र और विभिन्न अन्य सेलुलर प्रक्रियाओं के एक महत्वपूर्ण नियामक के रूप में उभरे हैं।
माइक्रोआरएनए में प्रतिकूल परिवर्तन को कई कैंसर और अन्य बीमारियों के विकास से जोड़ा गया है। शोध में मिला माइक्रो-आरएनए कुछ प्रोटीनों को अस्थिर करता है और संक्रमित सर्वाइकल कैंसर सेल की वृद्धि को रोकने में भूमिका निभाता है, जिसके परिणामस्वरूप एचपीवी पॉजिटिव सर्वाइकल कैंसर कोशिकाओं के सेल प्रसार, आक्रमण और माइग्रेशन क्षमताओं को नियंत्रित करने में मदद मिलती है।