घिसे-पिटे सवालों से मुक्ति
सोशल मीडिया पर बीएचयू के एक छात्र ने सवाल किया कि ये बीएचयू की एकेडमिक गतिविधि के लिए ठीक नहीं। वहीं कई छात्र और प्रोफेसरों ने उसके पोस्ट पर कमेंट करते हुए कहा कि पेपर पूछने का पैटर्न बदल गया है।
स्टीरियोटाइप या पुराने सिद्धांतों के घिसे-पिटे सवालों के बजाय अब करंट अफेयर्स पर आधारित वैचारिकी बढ़ाने वाले सवालों को पूछा जा रहा है। वहीं, किसी दुश्मन देश के प्रति हम कितना रणनीतिक और स्पष्ट सोच रखते हैं, इसका भी पता चलता है। इससे एकेडमिक गतिविधि और भी बेहतर हो सकेगी।
सेमेस्टर परीक्षा में पूछे गए सवाल।
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