अस्पताल के साथ ही सुपरस्पेशियलिटी ब्लॉक में गैस्ट्रोलॉजी और नेफ्रोलॉजी ओपीडी सहित कई विभागों में सीनियर डॉक्टर नहीं बैठे। विभागों में पहले से डॉक्टरों को दिखाने वालों के साथ ही कुछ नये मरीजों ने भी हाथ में पर्चा कटवाकर उसे जमा कर दिया। इस उम्मीद में वह बैठे रहे कि सीनियर डॉक्टर आकर देखेंगे लेकिन यहां डॉक्टरों के कमरे पर ताला बंद रहा। जैसे ही पता चला कि डॉक्टर नहीं आएंगे, उनके चेहरे पर निराशा का भाव देखने को मिला। अपने अपने तीमारदारों के साथ मरीज बिना निराश लौट गए।
आईएमएस बीएचयू के निदेशक कार्यालय से जेआर, एसआर ने शुक्रवार शाम को कैंडल मार्च निकालकर घटना को अंजाम देने वालों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग की। आईएमएस गेट से निकलकर महिला महाविद्यालय होते हुए रेजिडेंट बीएचयू सिंह द्वार होते हुए वापस आईएमएस गेट पर मार्च समाप्त किया। इसके माध्यम से घटना पर नाराजगी जताई।
आईएमएस बीएचयू के निदेशक प्रो.एसके सिंह और अस्पताल के कार्यवाहक एमएस प्रो. अंकुर सिंह ने जेआर और एसआर से काम पर लौटने की अपील की है। इसमें कहा गया है कि रेजिडेंट डाक्टरों द्वारा 21-22 सितम्बर को दिये गये पत्रों में जो मांग की गई है, उन पर प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई के लिए जिला प्रशासन को पत्र भेजा गया है।