‘आगामी स्वच्छता सर्वे में वाराणसी की रैंकिंग नहीं सुधरी तो अपने पद से इस्तीफा दे दूंगा।’ शुक्रवार को मीडिया के सामने यह कहा केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय के संयुक्त सचिव प्रवीण प्रकाश ने।
उन्होंने दो टूक कहा कि वाराणसी की सफाई व्यवस्था में सुधार के लिए हर जरूरी कदम उठाए जाएंगे। इस बारे में उन्होंने अपना रोडमैप भी बताया।
पक्के महाल के 14 वार्डों को स्वच्छता के मॉडल के रूप में विकसित किया जाएगा। शहर की सफाई व्यवस्था में सुधार के लिए कारपोरेट सोशल रिस्पांसबिलिटी (सीएसआर) के तहत एयरपोर्ट अथारिटी, भेल और पीएफसी की ओर से 25 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
केंद्रीय संयुक्त सचिव प्रवीण प्रकाश स्वच्छता अभियान के वाराणसी मिशन डायरेक्टर भी हैं। यहां कूड़ा निस्तारण और सफाई व्यवस्था के अलावा शहरी विकास मंत्रालय से संचालित अन्य योजनाओं के कार्यान्वयन का हाल जानने आए संयुक्त सचिव ने कहा कि पक्के महाल के जिन 14 वार्डों को मॉडल के रूप में विकसित किया जाएगा।
वहां कूड़ा प्रबंधन, अच्छी सफाई और यातायात की सुविधा बेहतर बनाई जाएगी। इस पर सीएसआर के तहत 25 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
संयुक्त सचिव ने कहा कि वार्डों को मॉडल बनाने का काम जून से ही प्रारंभ करा दिया जाएगा। इसके लिए सीएसआर से जुड़ी कंपनियों के अधिकारियों को निर्देश दे दिए गए हैं।
उन्हें अभी से इसकी मुकम्मल कार्ययोजना बनाने के लिए कहा गया है। उन्होंने कहा कि शहर की सफाई के लिए नगर निगम के साथ शहर के लोगों को भी जागरूक होने की जरूरत है।
इससे पहले नगर निगम के अधिकारियों, कर्मचारियों को संबोधित करते हुए केंद्रीय सचिव ने उनके प्रयासों को सराहा, साथ ही उन्हें बेहतर करने की नसीहत दी।