श्री काशी विश्वनाथ का धाम शनिवार को कांवरियों के बोल-बम से गूंज उठा। शयन आरती तक मंदिर में दो लाख शिवभक्तों ने बाबा विश्वनाथ का जलाभिषेक किया। इसके साथ ही मंदिर परिसर में सावन के तीसरे सोमवार की तैयारियां भी शुरू हो गई हैं। मंदिर प्रशासन की ओर से तीसरे सोमवार पर भक्तों की भारी भीड़ को देखते हुए इंतजाम किया जा रहा है।
शनिवार को मंगला आरती के बाद श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन पूजन का सिलसिला आरंभ हुआ। दोपहर की भोग आरती तक दर्शन पूजन के लिए कतार लगी रही। भोग आरती के बाद भीड़ में थोड़ी कमी आई लेकिन दो बजे के बाद दबाव फिर से बढ़ने लगा। शाम तक लंबी कतार रही और सप्तर्षि आरती तक अनवरत दर्शन पूजन का सिलसिला चलता रहा। मंदिर प्रशासन के अनुसार शयन आरती तक दो लाख शिवभक्तों ने दर्शन पूजन किया।
सावन के तीसरे सोमवार को लेकर ट्रैफिक पुलिस ने शनिवार की रात आठ बजे से शहर में डायवर्जन लागू किया। यह डायवर्जन मंगलवार की सुबह आठ बजे तक प्रभावी रहेगा। श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर की ओर जाने वाले मार्गों पर रात से ही नो व्हीकल जोन घोषित कर दिया गया। किसी भी प्रकार के वाहनों को अनुमति नहीं दी जाएगी। एडीसीपी ट्रैफिक डीके पुरी ने पुलिसकर्मियों को डायवर्जन का पालन कराने, श्रद्धालुओं को पार्किंग संबंधी व्यवस्था आदि का निर्देश दिया है।
एडीसीपी ट्रैफिक डीके पुरी के अनुसार मैदागिन, गोदौलिया, सोनारपुरा चौराहा, गुरुबाग, रामापुरा, बेनिया तिराहा, रवींद्रपुरी स्थित ब्राडवे होटल तिराहा, सोनारपुरा, गोदौलिया और भेलूपुर चौराहा से रामापुरा चौराहा तक नो व्हीकल जोन रहेगा। सिर्फ पैदल ही लोग आवाजाही कर सकेंगे। उधर, प्रयागराज-वाराणसी मार्ग पर कछवा रोड, राजातालाब, मोहनसराय, रोहनिया, मड़ौली तिराहा, मंडुवाडीह चौराहा, महमूरगंज फ्लाई ओवर से आकाशवाणी तिराहा, रथयात्रा, गुरुबाग, लक्सा तक एक लेन सिर्फ कांवरियों के लिए रिजर्व रहेगा। साथ ही कांवरियों के वाहन भी लक्सा के आगे नहीं जा सकेंगे।