पीएम की सांसद निधि के कार्यों में घपले पर मंत्री का कड़ा रुख
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वाराणसी के सिंधु नगर कॉलोनी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सांसद निधि से कराए गए कार्य में घपलेबाजी पर परदा डालने की कवायद में जुटे अधिकारियों और ठेकेदार को ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के मंत्री राजेंद्र प्रताप सिंह उर्फ मोती सिंह ने जोर का झटका दिया है।
सर्किट हाउस में समीक्षा बैठक के दौरान ‘अमर उजाला’ में छपी खबर का संज्ञान लेते हुए नगर आयुक्त और परियोजना निदेशक (पीडी) तत्काल घपले की जांच के लिए मौके पर भेजा। साथ ही, दो टूक हिदायत दी कि जिम्मेदारों को बख्शा नहीं जाएगा।
सांसद निधि के काम में घपले पर आरईएस मंत्री के कड़े रुख से संबंधित अधिकारियों में खलबली मच गई है। सिंधु नगर कॉलोनी में सांसद निधि से सीवर लाइन बिछाने का काम आरईएस ने ही कराया था।
मंत्री के निर्देश पर जब नगर आयुक्त और परियोजना निदेशक जब सिंधु नगर कॉलोनी पहुंचे तो वहां अधूरी छोड़ी गई सीवर पाइप लाइन को आननफानन में पूरा कराया जा रहा था। जबकि कागज पर यह काम नवंबर 2016 में ही पूरा दिखाया जा चुका है।
मंत्री ने अधिकारियों से पूरी जांच रिपोर्ट मांगी है। सूत्रों की मानें तो जल्द ही इस मामले में बड़ी कार्रवाई हो सकती है। वहीं हृदय योजना से बनी अमर नगर और नरिया, सुंदरपुर, संकटमोचन मार्ग की भी जांच का निर्देश मंत्री ने दिया है।
मंत्री ने बताया कि शीघ्र ही कैबिनेट की बैठक में एक प्रस्ताव लाकर ग्रामीण अभियंत्रण विभाग द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में बनाई गई सड़कों के रखरखाव का उत्तरदायित्व विभाग को सौंपा जाएगा। साथ ही, ग्रामीण अभियंत्रण विभाग का अलग बजट का प्रावधान सुनिश्चित कराया जाएगा।
घपले का यह है पूरा मामला
कार्यदायी संस्था की ओर से लगाया गया शिलापट्ट
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सांसद निधि से सिंधु नगर कॉलोनी में डी 57/9 रामेश्वर के आवास से डी 57/28 सुरेश गर्ग के मकान तक (116.25 मीटर) सीवर बिछाने एवं चौकी रीसेटिंग का काम कराया जाना था। ग्रामीण अभियंत्रण विभाग की निगरानी में ठेकेदार ने काम कराया है।
आरोप है कि सीवर लाइन पूरी नहीं बदली गई। न ही सीवर लाइन की पाइप की चौड़ाई मानक के अनुसार है। चौका का काम भी सही ढंग से नहीं कराया गया है। ठेकेदार और विभागीय इंजीनियरों ने सीमेंट खरीदने के लिए कॉलोनी के लोगों से चंदा भी वसूला।
सीवर लाइन का काम मार्च 2017 में पूरा करवाया गया लेकिन शिलापट्ट पर कार्य समाप्त होने की तिथि 9 नवंबर 2016 दर्शाई गई है। लगभग 80 फीसदी काम कराया ही नहीं गया था।
भाजपा कैंट मंडल के प्रभारी सौरभ सिंह मुन्ना, महामंत्री मधूप सिंह, आनंद सिंह, कौशल सिंह समेत अन्य नेताओं ने इसकी शिकायत डीएम योगेश्वर राम मिश्रा से की थी। डीएम ने जिला स्तरीय टीएसी से जांच कराने की घोषणा की थी।
मंत्री से मिले सपा एमएलसी शतरूद्र प्रकाश
ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के मंत्री राजेंद्र प्रताप सिंह
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पूर्व मंत्री एवं सपा से एमएलसी शतरूद्र प्रकाश के नेतृत्व में सपा नेताओं का प्रतिनिधिमंडल सर्किट हाउस में कैबिनेट मंत्री राजेंद्र प्रताप सिंह उर्फ मोती सिंह से मिला। शतरूद्र प्रकाश ने कहा कि प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में हर काम में घपला और भ्रष्टाचार है।
हृदय योजना, आईपीडीएस, ईईएसएल द्वारा लाइट लगाने की योजना समेत कार्यों में घटिया सामग्री इस्तेमाल की जा रही है। उन्होंने सिगरा के सिंधु नगर कालोनी में पीएम की सांसद निधि से हुए कार्य का मामला भी उठाया।
बताया कि हृदय के तहत बने अंतरगृही मंदिर मार्ग, अमर नगर में बनी सड़क समेत कई कार्यों का उन्होंने स्वयं निरीक्षण किया है। बेहद घटिया स्तर का काम हुआ है। उन्होंने पूरे मामले की जांच कराकर कार्रवाई की मांग की।