इतनी खरीदारी पिछली सरकारों ने पांच साल में भी नहीं की थी। पिछली सरकारों ने स्वामीनाथन रिपोर्ट को लागू किया होता, किसानों के हित का सोचा होता तो ढाई लाख से अधिक किसानाें ने आत्महत्या नहीं की होती। उन्होंने कृषि छात्रों को अध्ययन के बाद राष्ट्र निर्माण में लगने और बेहतर करने की शुभकामनाएं दीं।
विवि जो प्रोजेक्ट भेजेगा, राज्य सरकार से मिलेगा सहयोग
कृषि मंत्री ने कुलपति से कहा कि विश्वविद्यालय की ओर से जो प्रोजेक्ट बनाकर भेजेंगे उसमें राज्य सरकार से सहयोग दिलवाया जाएगा। अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रो. टीएन सिंह ने कहा कि काशी विद्यापीठ स्वावलंबन, आत्मनिर्भरता को लेकर चला था जिसे विश्वविद्यालय पूरा कर रहा है।
क्षेत्रीय किसानों के साथ कांट्रैक्ट फार्मिंग कर नवीन कृषि तकनीकी को उनके खेतों तक पहुंचाएंगे। समारोह को प्रो. योगेंद्र सिंह, डॉ. हर्ष राज पांडेय ने संबोधित किया। धन्यवाद ज्ञापन कुलसचिव डॉ. साहब लाल मौर्य ने किया।